Patna human trafficking: बिहार पुलिस द्वारा चलाए जा रहे राज्यव्यापी विशेष अभियान ‘ऑपरेशन विधि पालक (युवक)’ एवं ‘ऑपरेशन नया सवेरा-3.0’ के तहत रविवार को पालीगंज थाना पुलिस ने मानव तस्करी, बाल श्रम और बंधुआ मजदूरी के खिलाफ व्यापक जन-जागरूकता अभियान चलाया.
पोस्टर और माइकिंग के जरिए किया जागरूक
अभियान के दौरान बिहटा मोड़, अरवल मोड़, बस स्टैंड, विभिन्न विद्यालयों तथा बाजार क्षेत्रों में पोस्टर लगाए गए और माइकिंग के माध्यम से लोगों को जागरूक किया गया. पुलिस अधिकारियों ने लोगों को मानव तस्करी और बाल श्रम जैसे अपराधों के प्रति सतर्क रहने का संदेश दिया.
महिलाओं और बच्चों की सुरक्षा पर जोर
पुलिस अधिकारियों ने बताया कि इस अभियान का मुख्य उद्देश्य महिलाओं, बच्चों और युवाओं को मानव तस्करी तथा अन्य शोषणकारी गतिविधियों से सुरक्षित रखना है. साथ ही आम लोगों को इन अपराधों के प्रति जागरूक कर समाज में सुरक्षा का माहौल बनाना भी इसका लक्ष्य है.
तस्करों के तौर-तरीकों की दी जानकारी
अभियान के दौरान लोगों को बताया गया कि बाल श्रम और बंधुआ मजदूरी में फंसे बच्चों को मुक्त कराने तथा मानव तस्करी में शामिल गिरोहों के नेटवर्क को ध्वस्त करने के लिए विशेष अभियान चलाया जा रहा है. विद्यालयों और सार्वजनिक स्थलों पर छात्रों, शिक्षकों और नागरिकों को तस्करों के तौर-तरीकों, उनसे बचाव के उपायों तथा संबंधित कानूनी प्रावधानों की भी जानकारी दी गई.
संदिग्ध गतिविधियों की सूचना देने की अपील
पालीगंज पुलिस ने आम लोगों से अपील की कि यदि कहीं मानव तस्करी, बाल श्रम या किसी भी प्रकार की संदिग्ध गतिविधि की जानकारी मिले तो इसकी सूचना तत्काल स्थानीय पुलिस या एंटी ह्यूमन ट्रैफिकिंग यूनिट (एएचटीयू) को दें, ताकि समय रहते प्रभावी कार्रवाई की जा सके. अभियान के दौरान पुलिस अधिकारियों और जवानों ने लोगों को कानून का पालन करने, सामाजिक जिम्मेदारी निभाने और बच्चों के अधिकारों की रक्षा के लिए आगे आने का संदेश भी दिया.
