बिहार में एसआइआर वोटों की लूट : दीपंकर भट्टाचार्य

माले महासचिव दीपंकर भट्टाचार्य ने कहा है कि एसआइआर के फाइनल आंकड़े चौंकाने वाले हैं. इसमें तकनीकी खामियां गिनाते हुए उन्होंने कहा कि असली तस्वीर तो अभी आनी बाकी है.

संवाददाता,पटना माले महासचिव दीपंकर भट्टाचार्य ने कहा है कि एसआइआर के फाइनल आंकड़े चौंकाने वाले हैं. इसमें तकनीकी खामियां गिनाते हुए उन्होंने कहा कि असली तस्वीर तो अभी आनी बाकी है. उन 10–15 % फॉर्मों के बारे में कोई स्पष्ट जानकारी नहीं है. हमें नहीं पता कि अगस्त के अंत तक कितने मतदाता ‘दस्तावेज़’ के बिना पाये जायेंगे. कहा कि अगर साल 2024 “चुनिंदा चुनावी चोरी” का साल था, तो बिहार में जो हो रहा है वह एक तरह से वोटों की लूट है. केंद्रीय चुनाव आयोग’ अब ‘केंद्रीय चुनौती आयोग’ बन गया है. भट्टाचार्य ने बताया कि नेचर जस्टिस और रूल ऑफ लॉ यही कहता है कि 2024 के लोकसभा चुनाव मे जिन्होंने वोट डाला उनमें से 66 लाख को बिना किसी सूचना के उन्हें बाहर कर दिया. इसके बारे में आयोग को मतदाताओं को जानकारी देनी होगी. कहा कि राहुल गांधी ने चुनाव चोरी पर बड़ा खुलासा किया. एक लोकसभा की एक विधानसभा में एक लाख फर्जी वोटर पाये गये. आश्चर्य की बात है कि इसकी जांच की बजाय आयोग राहुल गांधी से एफिडेविट मांग रहा है. बताया कि एसआइआर का मुद्दा बिहार और देश का बड़ा मुद्दा बन चुका है. बताया कि 15 अगस्त को स्वतंत्रता दिवस के अवसर पर विकेंद्रित रूप से व्यापक पैमाने पर तिरंगे के साथ ”””””””” आजादी बचाओ, संविधान बचाओ, लोकतंत्र बचाओ”””””””” मार्च आयोजित किये जायेंगे. इस दौरान माले महासचिव दीपंकर भट्टाचार्य ने एसआइआर के तमाम आंकड़े प्रस्तुत करते हुए उनकी विसंगतियां गिनायीं. प्रेस कॉन्फेंस में राज्य सचिव कुणाल, धीरेंद्र झा, शशि यादव और विधायक गोपाल रविदास शामिल रहे

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Published by: Rakesh ranjan

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