बीआइटी में मशीन लर्निंग व साइबर-फिजिकल सिस्टम्स पर सात दिवसीय एफडीपी संपन्न
बीआइटी, पटना में ‘सतत उद्यमिता हेतु मशीन लर्निंग एवं साइबर-फिजिकल सिस्टम्स में नवाचार’ विषय पर आयोजित सात दिवसीय संकाय विकास कार्यक्रम शुक्रवार को संपन्न हो गया.
पटना: बीआइटी, पटना में ‘सतत उद्यमिता हेतु मशीन लर्निंग एवं साइबर-फिजिकल सिस्टम्स में नवाचार’ विषय पर आयोजित सात दिवसीय संकाय विकास कार्यक्रम शुक्रवार को संपन्न हो गया. इस एफडीपी का आयोजन इलेक्ट्रॉनिक्स एवं आइसीटी अकादमी द्वारा प्रायोजित और इलेक्ट्रॉनिक्स एवं सूचना प्रौद्योगिकी मंत्रालय के सहयोग से एनआइटी, पटना के संयुक्त तत्वावधान में किया गया. इसका उद्देश्य संकाय सदस्यों, शोधकर्ताओं और शिक्षाविदों को मशीन लर्निंग, आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस, साइबर-फिजिकल सिस्टम्स, इंटरनेट ऑफ थिंग्स, स्मार्ट ऑटोमेशन और सतत प्रौद्योगिकी आधारित उद्यमिता जैसे उभरते क्षेत्रों में सशक्त बनाना था. कार्यक्रम के दौरान विशेषज्ञ व्याख्यान, तकनीकी सत्र, केस स्टडी और संवादात्मक चर्चाएं आयोजित की गयीं. इनमें नवीन तकनीकी प्रगति के साथ-साथ उनके सामाजिक और व्यावसायिक अनुप्रयोगों पर विशेष रूप से चर्चा की गयी. देशभर के विभिन्न शैक्षणिक संस्थानों से आये प्रतिभागियों ने सक्रिय सहभागिता कर कार्यक्रम को ज्ञानवर्धक और उपयोगी बनाया. एफडीपी में संसाधन व्यक्तियों के रूप में राजीव मिश्रा, आइआइटी पटना, आइआइएम गया और आइआइटी इंदौर से आये प्रतिष्ठित शिक्षाविदों ने अपने अनुभव और शोध दृष्टिकोण साझा किये. उद्घाटन सत्र में मुख्य अतिथि एमपी सिंह ने अंतर-विषयक शिक्षा और नवाचार की आवश्यकता पर बल दिया. वहीं, बीआइटी पटना के निदेशक डीके मलिक ने कहा कि तकनीकी उद्यमिता सतत विकास का मजबूत आधार बन सकती है. समापन सत्र की अध्यक्षता एनआइइएलआइटी के निदेशक प्रो नितिन कुमार पुरी ने की. प्रतिभागियों ने कार्यक्रम को अत्यंत उपयोगी और समसामयिक बताते हुए इसकी सराहना की. समापन अवसर पर प्रमाण पत्र वितरण के साथ कार्यक्रम का विधिवत समापन किया गया.
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