BPSC Protest: प्रशांत किशोर पर राजद ने लगाए गंभीर आरोप, एमपी बोले- आंदोलन को हाईजैक करने की कोशिश हुई

BPSC Protest: राष्ट्रीय जनता दल सांसद मनोज झा ने कहा कि प्रशांत किशोर ने छात्रों के आंदोलन को हाईजैक किया है. मनोज झा ने यह बयान पीके की गिरफ्तारी के बाद दिया.

BPSC Protest: बिहार लोक सेवा आयोग (बीपीएससी) की 70वीं पीटी परीक्षा को लेकर शुरू हुई राजनीति अब चरम पर पहुंच गई है. परीक्षा रद्द कराने की मांग को लेकर दो जनवरी से आमरण अनशन पर बैठे जन सुराज के संस्थापक प्रशांत किशोर को पुलिस ने सोमवार को गांधी मैदान से गिरफ्तार कर लिया. इस बीच, राजद के प्रवक्ता और सांसद मनोज झा ने प्रशांत किशोर पर छात्रों के आंदोलन को हाईजैक करने का आरोप लगाया.

मनोज झा क्या बोले

राज्यसभा सांसद मनोज झा ने कहा, “यह छात्रों का आंदोलन था. छात्रों के आंदोलन की एक खूबी होती है कि राजनीतिक दल और राजनीतिक लोग समर्थन जरूर देते हैं, लेकिन प्लेटफॉर्म हाईजैक करने की कोशिश कोई नहीं करता. विपक्ष के नेता तेजस्वी यादव ने भी यही बात कही. वह धरनास्थल पर भी गए और अभ्‍यर्थ‍ियों से बात भी की. राजनीतिक पार्टियां छात्रों के समर्थन में सड़क से सदन तक आंदोलन जरूर करती हैं.”

बेल भी नहीं लेंगे और अनशन भी नहीं तोड़ेंगे- प्रशांत किशोर

प्रशांत किशोर को पुलिस ने चिकित्सकीय जांच के बाद अदालत में पेश किया और अदालत ने जमानत दे दी. लेक‍िन प्रशांत किशोर ने सशर्त जमानत लेने से इनकार कर दिया. उन्होंने कहा कि सशर्त जमानत भी नहीं लेंगे और आमरण अनशन भी नहीं तोड़ेंगे. प्रशांत किशोर ने अदालत परिसर में कहा, “बेल भी नहीं लेंगे और अनशन भी नहीं तोड़ेंगे. जेल में ही अनशन चलेगा. इसे रोकेंगे तो इन लोगों का मन बढ़ जाएगा. प्रशासन को निपटने दीजिए. ये लोग सोचकर लाए थे कि बेल दिलाएंगे और अनशन खत्म हो जाएगा, लेकिन अब लड़ाई और लंबी चलेगी.”

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लेखक के बारे में

Author: Paritosh Shahi

परितोष शाही पिछले 4 वर्षों से डिजिटल मीडिया और पत्रकारिता में सक्रिय हैं. उन्होंने अपने करियर की शुरुआत राजस्थान पत्रिका से की और वर्तमान में प्रभात खबर डिजिटल की बिहार टीम का हिस्सा हैं. राजनीति, सिनेमा और खेल, विशेषकर क्रिकेट में उनकी गहरी रुचि है. जटिल खबरों को सरल भाषा में पाठकों तक पहुंचाना और बदलते न्यूज माहौल में तेजी से काम करना उनकी विशेषता है. परितोष शाही ने पत्रकारिता की पढ़ाई बनारस हिंदू यूनिवर्सिटी (BHU) से की. पढ़ाई के दौरान ही पत्रकारिता की बारीकियों को समझना शुरू कर दिया था. खबरों को देखने, समझने और लोगों तक सही तरीके से पहुंचाने की सोच ने शुरुआत से ही इस क्षेत्र की ओर आकर्षित किया. पत्रकारिता में करियर की पहली बड़ी शुरुआत बिहार विधानसभा चुनाव 2020 के दौरान हुई, जब उन्होंने जन की बात के साथ इंटर्नशिप की. इस दौरान बिहार के 26 जिलों में जाकर सर्वे किया. यह अनुभव काफी खास रहा, क्योंकि यहां जमीनी स्तर पर राजनीति, जनता के मुद्दों और चुनावी माहौल को बहुत करीब से समझा. इसी अनुभव ने राजनीतिक समझ को और मजबूत बनाया. इसके बाद राजस्थान पत्रिका में 3 महीने की इंटर्नशिप की. यहां खबर लिखने की असली दुनिया को करीब से जाना. महज एक महीने के अंदर ही रियल टाइम न्यूज लिखने लगे. इस दौरान सीखा कि तेजी के साथ-साथ खबर की सटीकता कितनी जरूरी होती है. राजस्थान पत्रिका ने उनके अंदर एक मजबूत डिजिटल पत्रकार की नींव रखी. पत्रकारिता के सफर में आगे बढ़ते हुए पटना के जनता जंक्शन न्यूज पोर्टल में वीडियो प्रोड्यूसर के रूप में भी काम किया. यहां कैमरे के सामने बोलना, प्रेजेंटेशन देना और वीडियो कंटेंट की बारीकियां सीखीं. करीब 6 महीने के इस अनुभव ने कैमरा फ्रेंडली बनाया और ऑन-स्क्रीन प्रेजेंस को मजबूत किया. 1 अप्रैल 2023 को राजस्थान पत्रिका को प्रोफेशनल तौर पर ज्वाइन किया. यहां 17 महीने में कई बड़े चुनावी कवरेज में अहम भूमिका निभाई. लोकसभा चुनाव 2024 में नेशनल टीम के साथ जिम्मेदारी संभालने का मौका मिला. इसके अलावा मध्य प्रदेश, राजस्थान और छत्तीसगढ़ विधानसभा चुनाव के दौरान भी स्टेट टीम के साथ मिलकर काम किया. इस दौरान चुनावी रणनीति, राजनीतिक घटनाक्रम और बड़े मुद्दों पर काम करने का व्यापक अनुभव मिला. फिलहाल परितोष शाही प्रभात खबर डिजिटल बिहार टीम के साथ जुड़े हुए हैं. यहां बिहार विधानसभा चुनाव के दौरान कई बड़ी खबरों को रियल टाइम में ब्रेक किया, ग्राउंड से जुड़े मुद्दों पर खबरें लिखीं और वीडियो भी बनाए. बिहार चुनाव के दौरान कई जिलों में गांव- गांव घूम कर लोगों की समस्या को जाना-समझा और उनके मुद्दे को जन प्रतिनिधियों तक पहुंचाया. उनकी कोशिश हमेशा यही रहती है कि पाठकों और दर्शकों तक सबसे पहले, सही और असरदार खबर पहुंचे. पत्रकारिता में लक्ष्य लगातार सीखते रहना, खुद को बेहतर बनाना और भरोसेमंद पत्रकार के रूप में अपनी पहचान मजबूत करना है.

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