ग्रीन क्रेडिट प्रोग्राम के तहत बंजर सहित कृषि और परती भूमि पर भी करें वृक्षारोपण: डॉ प्रेम कुमार
संवाददाता, पटना
पर्यावरण, वन एवं जलवायु परिवर्तन विभाग के मंत्री डॉ प्रेम कुमार ने ग्रीन क्रेडिट प्रोग्राम के तहत बंजर सहित कृषि भूमि और परती भूमि पर भी वृक्षारोपण का अधिकारियों को निर्देश दिया है. उन्होंने कहा है कि राज्य का हरित आवरण बढ़ाने में ग्रीन क्रेडिट प्रोग्राम एक महत्त्वपूर्ण अवयव है. मंत्री के दिशा-निर्देश के अनुसार वर्तमान में मुंगेर, रोहतास, कैमूर, नवादा, बांका और गया वन प्रमंडलों में 880 हेक्टेयर भूमि में वृक्षारोपण किया जा रहा है. मंत्री डॉ प्रेम कुमार ने यह बातें शनिवार को पटना के अरण्य भवन स्थित कार्यालय कक्ष में ग्रीन क्रेडिट कार्यक्रम से संबंधित विषय पर समीक्षात्मक बैठक में कहीं. मंत्री डॉ प्रेम कुमार ने कहा है कि पर्यावरण संरक्षण अधिनियम, 1986 के तहत ग्रीन क्रेडिट नियमों को अधिसूचित किया गया है. इसका उद्देश्य देश भर में स्वैच्छिक वृक्षारोपण गतिविधि को प्रोत्साहित करना है. इसके परिणामस्वरूप ग्रीन क्रेडिट प्रदान किए जाएंगे और बंजर भूमि की एक सूची बनाई जाएगी जिसका उपयोग वनीकरण कार्यक्रमों के लिए किया जा सकता है. ग्रीन क्रेडिट प्रोग्राम का उद्देश्य एक समर्पित वेब पोर्टल के माध्यम से सुलभ वृक्षारोपण के लिए भूमि बैंक बनाना है.डिस्क्लेमर: यह प्रभात खबर समाचार पत्र की ऑटोमेटेड न्यूज फीड है. इसे प्रभात खबर डॉट कॉम की टीम ने संपादित नहीं किया है
