पप्पू यादव के दावों पर नीरज कुमार का बड़ा हमला, बताया डकैती और हत्या का इतिहास

Pappu Yadav: जेल से रिहा होते ही पप्पू यादव ने अपनी हत्या की साजिश का आरोप लगाया. इस पर जदयू प्रवक्ता नीरज कुमार ने उन्हें कायर बता दिया. उन्होंने कहा कि पप्पू यादव केवल नाटक कर रहे हैं.

Pappu Yadav: बिहार के पूर्णिया से निर्दलीय सांसद राजेश रंजन उर्फ पप्पू यादव ने जेल से बाहर निकलने के बाद आरोप लगाया कि पटना, दिल्ली और उनके अपने क्षेत्र पूर्णिया के कुछ बड़े नेता मिलकर उनकी हत्या की साजिश रच रहे हैं. पप्पू यादव के इन आरोपों पर जनता दल यूनाइटेड (JDU) ने चुप्पी तोड़ते हुए उन पर जोरदार हमला बोला है.

जदयू का पलटवार

जदयू नेता नीरज कुमार ने शनिवार को प्रेस कॉन्फ्रेंस कर पप्पू यादव को राजनीति का कायर बताया. उन्होंने चुनौती देते हुए कहा कि यदि पप्पू यादव को अपनी हत्या की साजिश के बारे में इतनी सटीक जानकारी है, तो वे डर क्यों रहे हैं? उन्हें उन तीन नेताओं के नाम सार्वजनिक करने चाहिए जो उनकी जान लेना चाहते हैं.

लॉरेंस बिश्नोई और हवाबाजी का जिक्र

नीरज कुमार ने पप्पू यादव के पुराने बयानों पर तंज कसते हुए कहा, “जो शख्स खुद को इतना निडर बताता था कि लॉरेंस बिश्नोई की धमकियों से भी नहीं डरता, वह आज कुछ नेताओं का नाम लेने में क्यों थर-थर कांप रहा है? यह उनकी कायरता और उनके दोहरे चरित्र को जनता के सामने बेनकाब करता है. वे सिर्फ हवाबाजी कर रहे हैं.”

बीमारी और सेहत पर उठाए सवाल

जदयू नेता ने पप्पू यादव के जेल जाने और बाहर आने के तरीके पर भी तंज कसा. उन्होंने कहा कि यह बिहार की राजनीति का सबसे बड़ा नाटक है. जब पप्पू यादव के जेल जाने की बारी आती है, तो वे अचानक गंभीर रूप से बीमार हो जाते हैं. उन्हें कमर और पेट में असहनीय दर्द होने लगता है, वे स्ट्रेचर पर लेट जाते हैं और रोने लगते हैं. लेकिन जैसे ही कोर्ट से जमानत मिलती है और वे जेल की दहलीज से बाहर कदम रखते हैं, उनका सारा दर्द गायब हो जाता है. व्हीलचेयर छोड़कर वे सीधे दौड़ते हुए हवाई जहाज पकड़ने पहुंच जाते हैं.

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पुराने रिकॉर्ड की दिलाई याद

सांसद के खुलासे वाले दावों पर नीरज कुमार ने कहा कि जिस व्यक्ति पर डकैती, हत्या, अपहरण, रंगदारी, धोखाधड़ी और दंगे जैसे दर्जनों गंभीर मुकदमे दर्ज हों, वह दूसरों पर सवाल उठाने का नैतिक अधिकार खो चुका है. उन्होंने यह भी सवाल किया कि रूपेश हत्याकांड जैसे मामलों में पप्पू यादव इतने समय तक चुप क्यों थे? क्या वे केवल पर्दे के पीछे बैठकर बारगेनिंग कर रहे थे?

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Published by: Paritosh Shahi

परितोष शाही पिछले 4 वर्षों से डिजिटल मीडिया और पत्रकारिता में सक्रिय हैं. उन्होंने अपने करियर की शुरुआत राजस्थान पत्रिका से की और वर्तमान में प्रभात खबर डिजिटल की बिहार टीम का हिस्सा हैं. राजनीति, सिनेमा और खेल, विशेषकर क्रिकेट में उनकी गहरी रुचि है. जटिल खबरों को सरल भाषा में पाठकों तक पहुंचाना और बदलते न्यूज माहौल में तेजी से काम करना उनकी विशेषता है. परितोष शाही ने पत्रकारिता की पढ़ाई बनारस हिंदू यूनिवर्सिटी (BHU) से की. पढ़ाई के दौरान ही पत्रकारिता की बारीकियों को समझना शुरू कर दिया था. खबरों को देखने, समझने और लोगों तक सही तरीके से पहुंचाने की सोच ने शुरुआत से ही इस क्षेत्र की ओर आकर्षित किया. पत्रकारिता में करियर की पहली बड़ी शुरुआत बिहार विधानसभा चुनाव 2020 के दौरान हुई, जब उन्होंने जन की बात के साथ इंटर्नशिप की. इस दौरान बिहार के 26 जिलों में जाकर सर्वे किया. यह अनुभव काफी खास रहा, क्योंकि यहां जमीनी स्तर पर राजनीति, जनता के मुद्दों और चुनावी माहौल को बहुत करीब से समझा. इसी अनुभव ने राजनीतिक समझ को और मजबूत बनाया. इसके बाद राजस्थान पत्रिका में 3 महीने की इंटर्नशिप की. यहां खबर लिखने की असली दुनिया को करीब से जाना. महज एक महीने के अंदर ही रियल टाइम न्यूज लिखने लगे. इस दौरान सीखा कि तेजी के साथ-साथ खबर की सटीकता कितनी जरूरी होती है. राजस्थान पत्रिका ने उनके अंदर एक मजबूत डिजिटल पत्रकार की नींव रखी. पत्रकारिता के सफर में आगे बढ़ते हुए पटना के जनता जंक्शन न्यूज पोर्टल में वीडियो प्रोड्यूसर के रूप में भी काम किया. यहां कैमरे के सामने बोलना, प्रेजेंटेशन देना और वीडियो कंटेंट की बारीकियां सीखीं. करीब 6 महीने के इस अनुभव ने कैमरा फ्रेंडली बनाया और ऑन-स्क्रीन प्रेजेंस को मजबूत किया. 1 अप्रैल 2023 को राजस्थान पत्रिका को प्रोफेशनल तौर पर ज्वाइन किया. यहां 17 महीने में कई बड़े चुनावी कवरेज में अहम भूमिका निभाई. लोकसभा चुनाव 2024 में नेशनल टीम के साथ जिम्मेदारी संभालने का मौका मिला. इसके अलावा मध्य प्रदेश, राजस्थान और छत्तीसगढ़ विधानसभा चुनाव के दौरान भी स्टेट टीम के साथ मिलकर काम किया. इस दौरान चुनावी रणनीति, राजनीतिक घटनाक्रम और बड़े मुद्दों पर काम करने का व्यापक अनुभव मिला. फिलहाल परितोष शाही प्रभात खबर डिजिटल बिहार टीम के साथ जुड़े हुए हैं. यहां बिहार विधानसभा चुनाव के दौरान कई बड़ी खबरों को रियल टाइम में ब्रेक किया, ग्राउंड से जुड़े मुद्दों पर खबरें लिखीं और वीडियो भी बनाए. बिहार चुनाव के दौरान कई जिलों में गांव- गांव घूम कर लोगों की समस्या को जाना-समझा और उनके मुद्दे को जन प्रतिनिधियों तक पहुंचाया. उनकी कोशिश हमेशा यही रहती है कि पाठकों और दर्शकों तक सबसे पहले, सही और असरदार खबर पहुंचे. पत्रकारिता में लक्ष्य लगातार सीखते रहना, खुद को बेहतर बनाना और भरोसेमंद पत्रकार के रूप में अपनी पहचान मजबूत करना है.

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