Lalu Yadav: “परिवार की सुरक्षा में लगे 159 पुलिसकर्मियों को हटाएंगे लालू?” जदयू ने राजद प्रमुख को घेरा

Lalu Yadav: जदयू प्रवक्ताओं ने लालू यादव पर पुलिस पर अनर्गल आरोप लगाने का आरोप लगाते हुए कहा कि जब 159 पुलिसकर्मी उनके परिवार की सुरक्षा में हैं, तो वे उन्हें क्यों नहीं लौटाते? प्रवक्ताओं ने पुलिस कार्रवाई के आंकड़ों से लालू के आरोपों को खारिज किया है. पढे़ं पूरी खबर…

Lalu Yadav: पटना में जदयू के मुख्य प्रदेश प्रवक्ता नीरज कुमार, प्रवक्ता अरविंद निषाद और मनीष यादव ने गुरुवार को पार्टी के प्रदेश कार्यालय में आयोजित संयुक्त संवाददाता सम्मेलन में राष्ट्रीय जनता दल प्रमुख लालू प्रसाद यादव पर तीखा हमला बोला. प्रवक्ताओं ने लालू यादव से सवाल किया कि जब उन्हें बिहार पुलिस भ्रष्ट, निकम्मी और लापरवाह लगती है, तो फिर उनके परिवार की सुरक्षा में 159 पुलिसकर्मी क्यों तैनात हैं? क्या वे इन पुलिसकर्मियों को राज्य सरकार को वापस करेंगे?

लालू के पोस्ट पर मचा सियासी बवाल

दरअसल, हाल ही में लालू यादव ने एक्स पर बिहार में अपराध के आंकड़ों को लेकर एक पोस्ट किया था, जिसमें उन्होंने बिहार की कानून व्यवस्था पर सवाल उठाया था. इसके जवाब में जदयू प्रवक्ताओं ने पलटवार करते हुए कहा कि लालू यादव की सुरक्षा में एक महिला पुलिसकर्मी, राबड़ी देवी की सुरक्षा में चार और तेजस्वी यादव की सुरक्षा में पांच महिला पुलिसकर्मी तैनात हैं. ऐसे में यदि सभी पुलिसकर्मियों को “निकम्मा और भ्रष्ट” कहा गया है, तो क्या यह उन महिला पुलिसकर्मियों का भी अपमान नहीं है?

जदयू ने गिनाए बिहार पुलिस के काम

जदयू प्रवक्ताओं ने लालू यादव को 2023 से 2025 तक की पुलिस कार्रवाई का हवाला देते हुए कहा कि इस दौरान 7.19 लाख गिरफ्तारियां की गई हैं, 25,957 हार्डकोर अपराधियों को पकड़ा गया है और 179 अवैध गन फैक्ट्री का भंडाफोड़ किया गया है. क्या ये सब आंकड़े आपको लापरवाह और कामचोर पुलिस की पहचान लगते हैं? उन्होंने यह भी कहा कि ऐसे वक्तव्य से पुलिस बलों का मनोबल टूटता है, जो दिन-रात जनता की सुरक्षा में लगे हुए हैं.

लालू पर झूठ फैलाने का लगाया आरोप

प्रवक्ताओं ने साफ कहा कि लालू यादव का उद्देश्य सिर्फ बिहार की सरकार और प्रशासन को बदनाम करना है. वे जानबूझकर जनता में भ्रम फैलाने की कोशिश कर रहे हैं, जबकि हकीकत यह है कि बिहार में अपराध नियंत्रण के लिए राज्य पुलिस सतत रूप से काम कर रही है. जदयू ने लालू से यह भी पूछा कि यदि उन्हें पुलिस व्यवस्था पर भरोसा नहीं है तो क्या वे अपने और अपने परिवार की सुरक्षा को निजी सुरक्षा एजेंसियों के हवाले करने के लिए तैयार हैं?

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By Aniket kumar

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