मेरा भी मन करता है कविता सुनाऊं: स्पीकर

विधानसभा की दूसरी पाली में बुधवार को बजट पर बहस के दौरान हास-परिहास और शेरों- शायरी का दौर भी चला.

संवाददाता,पटना विधानसभा की दूसरी पाली में बुधवार को बजट पर बहस के दौरान हास-परिहास और शेरों- शायरी का दौर भी चला. मौके की नजाकत देख आसन से विधानसभा अध्यक्ष नंद किशोर यादव ने कहा कि सदस्यों की शेरों-शायरी सुन मेरा भी मन करता है कविता सुनाऊं, लेकिन आज नहीं कल सुनाऊंगा. सदन में मौजूद संसदीय कार्यमंत्री विजय कुमार चौधरी ने कहा कि आसन से जब कविता पढ़ी जायेगी तो पूरे सदन को सुनने में आनंद आयेगा. मंत्रीजी…..मंत्रीजी…मंत्रीजी…जरा रुकिए बजट पर चर्चा समाप्त होने के बाद विधानसभा अध्यक्ष जब सदन की कार्यवाही की समाप्ति की घोषणा करने लगे, तो ट्रेजरी बेंच पर बैठे कुछ मंत्री उठकर जाने लगे. यह नजारा देख अध्यक्ष ने कहा कि मंत्रीजी….मंत्रीजी…मंत्रीजी…जरा रुकिए और बैठ जाइए.आसन की घोषणा तो सुनते जाइए.अध्यक्ष ने विधानसभा एनेक्सी में रेस्त्रां खुलने की बात की, तो राजद के भाई वीरेंद्र ने कहा कि अध्यक्ष महोदय एक दिन सभी सदस्यों को भोजन करवाया जाए.अध्यक्ष ने कहा भोजन करवाने में कोई बात नहीं है, लेकिन डर है कहीं सदस्यों का पेट न….हो जाए. बजट पर पक्ष और विपक्ष में चले बाणों के तीर बजट पर सत्ता पक्ष और विपक्ष के बीच बाणों के तीर भी चले. सत्ता पक्ष के सदस्यों ने जहां बजट पर अपनी बात रखते हुए सरकार की जमकर तारीफ की, तो विपक्ष के सदस्यों ने बजट को बोगस बताया औेर कहा इसमें गरीब-गुरबा महिला, किसान और नौजवान के लिए कुछ भी नहीं है.

डिस्क्लेमर: यह प्रभात खबर समाचार पत्र की ऑटोमेटेड न्यूज फीड है. इसे प्रभात खबर डॉट कॉम की टीम ने संपादित नहीं किया है

प्रभात खबर डिजिटल प्रीमियम स्टोरी

लेखक के बारे में

By Prabhat Khabar News Desk

यह प्रभात खबर का न्यूज डेस्क है। इसमें बिहार-झारखंड-ओडिशा-दिल्‍ली समेत प्रभात खबर के विशाल ग्राउंड नेटवर्क के रिपोर्ट्स के जरिए भेजी खबरों का प्रकाशन होता है।

Tags

संबंधित खबरें >

यह भी पढ़ें >