गया-पटना रोड पर सफर होगा आसान, 100 करोड़ की लागत से बनेगा नया रेल ओवर ब्रिज

Gaya-Patna Road: गया-पटना सड़क मार्ग पर बागेश्वरी गुमटी में बनने वाले आरओबी का काम इस महीने शुरू होगा. 22 फरवरी को भूमि पूजन होगा. करीब 100 करोड़ की लागत वाली इस प्रोजेक्ट से जाम की समस्या खत्म होगी.

Gaya-Patna Road: गया-पटना रोड पर रोज लगने वाले जाम से परेशान लोगों के लिए अब राहत की खबर है. बागेश्वरी गुमटी पर लंबे समय से जिस रेल ओवर ब्रिज का इंतजार हो रहा था, उसका निर्माण काम इसी महीने शुरू होने जा रहा है. विधायक डॉ. प्रेम कुमार ने अधिकारियों को कहा कि काम में कोई देरी नहीं होनी चाहिए. पुल को समय सीमा के भीतर और सही क्वालिटी के साथ बनाया जाए.

क्या बोले अधिकारी

अधिकारियों ने बैठक में बताया कि आरओबी निर्माण से पहले भारी वाहनों के लिए डायवर्जन बनाना जरूरी होगा. इस पर विधायक ने डीएम को निर्देश दिया कि ऐसा रास्ता तय किया जाए जिससे ट्रक और बड़े वाहन चालकों को ज्यादा परेशानी न हो और आम लोगों की आवाजाही भी प्रभावित न हो.

इस प्रोजेक्ट को गति मुख्यमंत्री नीतीश कुमार की प्रगति यात्रा के दौरान मिली थी. उसी समय नगर विधायक ने बागेश्वरी गुमटी पर लगने वाले जाम की समस्या उठाई थी. मुख्यमंत्री ने प्रस्ताव को मंजूरी देते हुए आधारशिला रखी थी, जिसके बाद विभाग ने काम को आगे बढ़ाया.

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228 प्लाट चिन्हित किए गए

इस प्रोजेक्ट के लिए भूमि अधिग्रहण की प्रक्रिया भी तेज कर दी गई है. आरओबी के लिए कुल 228 प्लॉट चिन्हित किए गए हैं और इसका गजट प्रकाशित हो चुका है. जमीन मालिकों को गजट के 60 दिनों के भीतर जरूरी डॉक्यूमेंट के साथ दावा करना होगा तभी उन्हें मुआवजा मिल सकेगा.

चिन्हित जमीन में जिला परिषद, नगर निगम, बिहार सरकार और निजी लोगों की जमीन शामिल है. अधिकारियों ने कहा कि आरओबी बनने के बाद बागेश्वरी गुमटी और गया-पटना रूट पर जाम की समस्या खत्म हो जाएगी.

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Published by: Paritosh Shahi

परितोष शाही पिछले 4 वर्षों से डिजिटल मीडिया और पत्रकारिता में सक्रिय हैं. उन्होंने अपने करियर की शुरुआत राजस्थान पत्रिका से की और वर्तमान में प्रभात खबर डिजिटल की बिहार टीम का हिस्सा हैं. राजनीति, सिनेमा और खेल, विशेषकर क्रिकेट में उनकी गहरी रुचि है. जटिल खबरों को सरल भाषा में पाठकों तक पहुंचाना और बदलते न्यूज माहौल में तेजी से काम करना उनकी विशेषता है. परितोष शाही ने पत्रकारिता की पढ़ाई बनारस हिंदू यूनिवर्सिटी (BHU) से की. पढ़ाई के दौरान ही पत्रकारिता की बारीकियों को समझना शुरू कर दिया था. खबरों को देखने, समझने और लोगों तक सही तरीके से पहुंचाने की सोच ने शुरुआत से ही इस क्षेत्र की ओर आकर्षित किया. पत्रकारिता में करियर की पहली बड़ी शुरुआत बिहार विधानसभा चुनाव 2020 के दौरान हुई, जब उन्होंने जन की बात के साथ इंटर्नशिप की. इस दौरान बिहार के 26 जिलों में जाकर सर्वे किया. यह अनुभव काफी खास रहा, क्योंकि यहां जमीनी स्तर पर राजनीति, जनता के मुद्दों और चुनावी माहौल को बहुत करीब से समझा. इसी अनुभव ने राजनीतिक समझ को और मजबूत बनाया. इसके बाद राजस्थान पत्रिका में 3 महीने की इंटर्नशिप की. यहां खबर लिखने की असली दुनिया को करीब से जाना. महज एक महीने के अंदर ही रियल टाइम न्यूज लिखने लगे. इस दौरान सीखा कि तेजी के साथ-साथ खबर की सटीकता कितनी जरूरी होती है. राजस्थान पत्रिका ने उनके अंदर एक मजबूत डिजिटल पत्रकार की नींव रखी. पत्रकारिता के सफर में आगे बढ़ते हुए पटना के जनता जंक्शन न्यूज पोर्टल में वीडियो प्रोड्यूसर के रूप में भी काम किया. यहां कैमरे के सामने बोलना, प्रेजेंटेशन देना और वीडियो कंटेंट की बारीकियां सीखीं. करीब 6 महीने के इस अनुभव ने कैमरा फ्रेंडली बनाया और ऑन-स्क्रीन प्रेजेंस को मजबूत किया. 1 अप्रैल 2023 को राजस्थान पत्रिका को प्रोफेशनल तौर पर ज्वाइन किया. यहां 17 महीने में कई बड़े चुनावी कवरेज में अहम भूमिका निभाई. लोकसभा चुनाव 2024 में नेशनल टीम के साथ जिम्मेदारी संभालने का मौका मिला. इसके अलावा मध्य प्रदेश, राजस्थान और छत्तीसगढ़ विधानसभा चुनाव के दौरान भी स्टेट टीम के साथ मिलकर काम किया. इस दौरान चुनावी रणनीति, राजनीतिक घटनाक्रम और बड़े मुद्दों पर काम करने का व्यापक अनुभव मिला. फिलहाल परितोष शाही प्रभात खबर डिजिटल बिहार टीम के साथ जुड़े हुए हैं. यहां बिहार विधानसभा चुनाव के दौरान कई बड़ी खबरों को रियल टाइम में ब्रेक किया, ग्राउंड से जुड़े मुद्दों पर खबरें लिखीं और वीडियो भी बनाए. बिहार चुनाव के दौरान कई जिलों में गांव- गांव घूम कर लोगों की समस्या को जाना-समझा और उनके मुद्दे को जन प्रतिनिधियों तक पहुंचाया. उनकी कोशिश हमेशा यही रहती है कि पाठकों और दर्शकों तक सबसे पहले, सही और असरदार खबर पहुंचे. पत्रकारिता में लक्ष्य लगातार सीखते रहना, खुद को बेहतर बनाना और भरोसेमंद पत्रकार के रूप में अपनी पहचान मजबूत करना है.

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