पटना से सुबोध कुमार नंदन की रिपोर्ट
ESIC Registration Update : पटना के कर्मचारियों को स्वास्थ्य और सामाजिक सुरक्षा का लाभ उपलब्ध कराने के लिए कर्मचारी राज्य बीमा निगम (ईएसआईसी) ने तैयारी तेज कर दी है.
सामाजिक सुरक्षा संहिता, 2020 और सामाजिक सुरक्षा (केंद्रीय) नियम, 2026 के प्रभावी क्रियान्वयन को लेकर ऐसे संस्थानों की पहचान की जा रही है, जिन्होंने पात्र कर्मचारियों का ईएसआईसी में पंजीकरण नहीं कराया है.
10 या अधिक कर्मचारियों वाले संस्थान रडार पर
ईएसआईसी अपंजीकृत संस्थानों की पहचान के लिए विभिन्न सरकारी डाटाबेस का मिलान कर रहा है.
इसमें यूडीआईएसई, एमएसएमई पंजीकरण और अन्य विभागों के रिकॉर्ड की जांच की जा रही है. खासतौर पर ऐसे प्रतिष्ठानों को चिन्हित किया जा रहा है, जहां 10 या उससे अधिक कर्मचारी कार्यरत हैं, लेकिन ईएसआईसी के नियमों का पालन नहीं किया गया है.
पात्र कर्मचारियों का कराना होगा अनिवार्य पंजीकरण
ईएसआईसी क्षेत्रीय निदेशक सी निरंजन कुमार ने बताया कि जो संस्थान पहले से किसी केंद्रीय श्रम कानून के तहत पंजीकृत हैं, उन्हें दोबारा पंजीकरण कराने की जरूरत नहीं होगी.
हालांकि, उन्हें सामाजिक सुरक्षा संहिता के तहत सभी पात्र कर्मचारियों का ईएसआईसी में अनिवार्य पंजीकरण कराना होगा और निर्धारित अंशदान जमा करना होगा.
निर्देश नहीं मानने पर होगी कार्रवाई
सत्यापन के बाद प्राधिकृत अधिकारी संबंधित नियोक्ताओं को ईएसआईसी में पंजीकरण कराने का निर्देश जारी करेंगे.
यदि इसके बाद भी संस्थान नियमों का पालन नहीं करते हैं तो उनसे बकाया अंशदान, ब्याज और हर्जाना वसूला जाएगा. साथ ही कानूनी कार्रवाई भी की जाएगी.
हजारों कर्मचारियों को मिलेगा सामाजिक सुरक्षा का लाभ
ईएसआईसी की इस पहल से राज्य के हजारों संविदा, आउटसोर्स और निजी क्षेत्र में काम करने वाले कर्मचारियों को फायदा मिलेगा.
इससे कर्मचारियों को चिकित्सा सुविधा और सामाजिक सुरक्षा योजनाओं का लाभ सुनिश्चित हो सकेगा.
