Bihar News: पटना स्थित फोर्ड हॉस्पिटल में हृदय रोग विषय पर एक महत्वपूर्ण शैक्षणिक कार्यक्रम का आयोजन किया गया. कार्यक्रम में हार्ट फेल्यर के आधुनिक उपचार और समग्र देखभाल पर विस्तृत चर्चा हुई. शहर के कई चिकित्सकों ने इसमें भाग लिया.
डॉ. डेविड सिम ने शेयर किए ग्लोबल एक्सपीरियंस
सिंगापुर के नेशनल हार्ट सेंटर सिंगापुर से जुड़े वरिष्ठ हृदय रोग विशेषज्ञ डॉ. डेविड सिम ने कार्यक्रम को संबोधित किया. उन्होंने हार्ट फेल्यर मरीजों की समग्र देखभाल पर जोर दिया. अस्पताल से घर तक निरंतर उपचार की आवश्यकता बताई. मरीजों के लिए नियमित जांच और जीवनशैली में सुधार को बेहद जरूरी बताया.
डॉ. सिम ने यह भी बताया कि वह हार्ट फेल्यर रोकने के लिए विकसित की जा रही नई दवा के क्लीनिकल ट्रायल टीम का हिस्सा हैं. उन्होंने कहा कि परीक्षण सकारात्मक दिशा में आगे बढ़ रहा है. आने वाले समय में इससे मरीजों को अधिक प्रभावी और सुरक्षित उपचार मिल सकेगा.
समय पर पहचान है सबसे अहम
कार्यक्रम की अध्यक्षता डॉ. बी. बी. भारती ने की. उन्होंने कहा कि हृदय विफलता आज एक बड़ी जनस्वास्थ्य चुनौती बन चुकी है. उन्होंने बताया कि समय पर बीमारी की पहचान जरूरी है. संतुलित दवा प्रबंधन और नियमित फॉलोअप से मरीजों की दोबारा अस्पताल में भर्ती की संभावना कम की जा सकती है. उन्होंने कहा कि फोर्ड हॉस्पिटल आधुनिक तकनीक और विशेषज्ञ सेवाओं के माध्यम से बेहतर उपचार देने के लिए प्रतिबद्ध है.
चिकित्सकों के लिए उपयोगी संवाद
कार्यक्रम का संचालन इंटरवेंशनल कार्डियोलॉजिस्ट डॉ. सुशांत कुमार पाठक ने किया. उन्होंने कहा कि ऐसे शैक्षणिक कार्यक्रम चिकित्सकों को वैश्विक दिशा-निर्देशों और व्यावहारिक अनुभवों से जोड़ते हैं. इसका सीधा लाभ मरीजों को मिलता है. कार्यक्रम में हार्ट फेल्योर के नए उपचार विकल्पों और बेहतर देखभाल मॉडल पर सार्थक चर्चा हुई.
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