जेडीयू की संभावित लिस्ट में निशांत कुमार समेत इन नेताओं के नाम, MLC चुनाव को लेकर हलचल तेज

Bihar MLC Election: बिहार विधान परिषद की 9 सीटों पर चुनाव को लेकर सभी दल एक्टिव हो गए हैं. जेडीयू और आरजेडी उम्मीदवारों के नाम तय करने में जुटी हैं. जीतन राम मांझी ने भी अपनी पार्टी के लिए एक सीट की मांग रख दी है. आने वाले दिनों में बिहार की राजनीति और गरमा सकती है.

Bihar MLC Election: बिहार विधान परिषद की 9 सीटों पर चुनाव की घोषणा होते ही सभी दल अपने-अपने उम्मीदवारों को लेकर अंदरखाने बैठकों और चर्चाओं में जुट गए हैं. चुनाव आयोग ने इन सीटों पर चुनाव की तारीखों का ऐलान कर दिया है. मौजूदा सदस्यों का कार्यकाल 28 जून को खत्म हो रहा है.

जेडीयू में कई नामों पर चर्चा

जेडीयू में संभावित उम्मीदवारों को लेकर सबसे ज्यादा चर्चा हो रही है. पार्टी के अंदर जिन नामों की चर्चा तेज है, उनमें निशांत कुमार, ललन मंडल और राजीव कुमार सिंह शामिल हैं. इसके अलावा सहनी समाज से भी किसी नेता को मौका देने की बात कही जा रही है. ऐसे में बीजेपी नेता भीष्म साहनी या किसी दूसरे सहनी नेता के नाम पर भी विचार हो सकता है.

निशांत कुमार को लेकर चर्चा इसलिए भी ज्यादा है क्योंकि हाल ही में उन्हें मंत्री बनाया गया है, लेकिन वह अभी न तो विधानसभा के सदस्य हैं और न ही विधान परिषद के. ऐसे में माना जा रहा है कि उन्हें एमएलसी चुनाव में उम्मीदवार बनाया जा सकता है.

आरजेडी भी तैयारी में जुटी

आरजेडी भी विधान परिषद चुनाव को लेकर रणनीति बनाने में लगी है. पार्टी एक सीट पर अपना मजबूत दावा मान रही है. बताया जा रहा है कि उम्मीदवारों के नाम पर आखिरी फैसला खुद तेजस्वी यादव करेंगे.

फिलहाल तेजस्वी यादव दिल्ली में हैं और माना जा रहा है कि 30 मई या 1 जून तक पटना लौट सकते हैं. वहीं लालू प्रसाद यादव 29 मई को इलाज के लिए सिंगापुर जाने वाले हैं. पहले तेजस्वी अपने पिता को दिल्ली से सिंगापुर रवाना करेंगे, फिर पटना लौटकर चुनावी रणनीति को अंतिम रूप देंगे. चर्चा है कि जून के पहले हफ्ते में आरजेडी अपने उम्मीदवारों के नाम घोषित कर सकती है.

मांझी ने भी रखी सीट की मांग

केंद्रीय मंत्री और हम पार्टी के प्रमुख जीतन राम मांझी ने भी एनडीए से अपनी पार्टी के लिए एक सीट की मांग दोहराई है. उन्होंने कहा कि उनकी पार्टी लंबे समय से यह मांग कर रही है. मांझी का कहना है कि अगर उनकी पार्टी को एक सीट मिलती है तो इससे एनडीए गठबंधन और मजबूत होगा. उन्होंने यह भी कहा कि इस मुद्दे पर वह दिल्ली जाकर बीजेपी के केंद्रीय नेताओं से बातचीत करेंगे. मांझी ने साफ कहा कि उनकी पार्टी हमेशा एनडीए के साथ मजबूती से खड़ी रही है.

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इन नेताओं का खत्म हो रहा कार्यकाल

जिन नेताओं का कार्यकाल खत्म हो रहा है, उनमें जेडीयू की कुमुद वर्मा और प्रोफेसर गुलाम गौस, आरजेडी के मोहम्मद फारूख और बीजेपी के भीष्म साहनी शामिल हैं. इसके अलावा बीजेपी के संजय प्रकाश उर्फ संजय मयूख, कांग्रेस के समीर कुमार सिंह और आरजेडी के सुनील कुमार सिंह का कार्यकाल भी समाप्त हो रहा है. जेडीयू से मंत्री बने भगवान सिंह कुशवाहा पहले ही विधान परिषद से इस्तीफा दे चुके हैं. इसके साथ ही मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी के इस्तीफे से खाली हुई सीट पर भी चुनाव कराया जाएगा.

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Published by: Paritosh Shahi

परितोष शाही पिछले 4 वर्षों से डिजिटल मीडिया और पत्रकारिता में सक्रिय हैं. उन्होंने अपने करियर की शुरुआत राजस्थान पत्रिका से की और वर्तमान में प्रभात खबर डिजिटल की बिहार टीम का हिस्सा हैं. राजनीति, सिनेमा और खेल, विशेषकर क्रिकेट में उनकी गहरी रुचि है. जटिल खबरों को सरल भाषा में पाठकों तक पहुंचाना और बदलते न्यूज माहौल में तेजी से काम करना उनकी विशेषता है. परितोष शाही ने पत्रकारिता की पढ़ाई बनारस हिंदू यूनिवर्सिटी (BHU) से की. पढ़ाई के दौरान ही पत्रकारिता की बारीकियों को समझना शुरू कर दिया था. खबरों को देखने, समझने और लोगों तक सही तरीके से पहुंचाने की सोच ने शुरुआत से ही इस क्षेत्र की ओर आकर्षित किया. पत्रकारिता में करियर की पहली बड़ी शुरुआत बिहार विधानसभा चुनाव 2020 के दौरान हुई, जब उन्होंने जन की बात के साथ इंटर्नशिप की. इस दौरान बिहार के 26 जिलों में जाकर सर्वे किया. यह अनुभव काफी खास रहा, क्योंकि यहां जमीनी स्तर पर राजनीति, जनता के मुद्दों और चुनावी माहौल को बहुत करीब से समझा. इसी अनुभव ने राजनीतिक समझ को और मजबूत बनाया. इसके बाद राजस्थान पत्रिका में 3 महीने की इंटर्नशिप की. यहां खबर लिखने की असली दुनिया को करीब से जाना. महज एक महीने के अंदर ही रियल टाइम न्यूज लिखने लगे. इस दौरान सीखा कि तेजी के साथ-साथ खबर की सटीकता कितनी जरूरी होती है. राजस्थान पत्रिका ने उनके अंदर एक मजबूत डिजिटल पत्रकार की नींव रखी. पत्रकारिता के सफर में आगे बढ़ते हुए पटना के जनता जंक्शन न्यूज पोर्टल में वीडियो प्रोड्यूसर के रूप में भी काम किया. यहां कैमरे के सामने बोलना, प्रेजेंटेशन देना और वीडियो कंटेंट की बारीकियां सीखीं. करीब 6 महीने के इस अनुभव ने कैमरा फ्रेंडली बनाया और ऑन-स्क्रीन प्रेजेंस को मजबूत किया. 1 अप्रैल 2023 को राजस्थान पत्रिका को प्रोफेशनल तौर पर ज्वाइन किया. यहां 17 महीने में कई बड़े चुनावी कवरेज में अहम भूमिका निभाई. लोकसभा चुनाव 2024 में नेशनल टीम के साथ जिम्मेदारी संभालने का मौका मिला. इसके अलावा मध्य प्रदेश, राजस्थान और छत्तीसगढ़ विधानसभा चुनाव के दौरान भी स्टेट टीम के साथ मिलकर काम किया. इस दौरान चुनावी रणनीति, राजनीतिक घटनाक्रम और बड़े मुद्दों पर काम करने का व्यापक अनुभव मिला. फिलहाल परितोष शाही प्रभात खबर डिजिटल बिहार टीम के साथ जुड़े हुए हैं. यहां बिहार विधानसभा चुनाव के दौरान कई बड़ी खबरों को रियल टाइम में ब्रेक किया, ग्राउंड से जुड़े मुद्दों पर खबरें लिखीं और वीडियो भी बनाए. बिहार चुनाव के दौरान कई जिलों में गांव- गांव घूम कर लोगों की समस्या को जाना-समझा और उनके मुद्दे को जन प्रतिनिधियों तक पहुंचाया. उनकी कोशिश हमेशा यही रहती है कि पाठकों और दर्शकों तक सबसे पहले, सही और असरदार खबर पहुंचे. पत्रकारिता में लक्ष्य लगातार सीखते रहना, खुद को बेहतर बनाना और भरोसेमंद पत्रकार के रूप में अपनी पहचान मजबूत करना है.

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