संवाददाता, पटना
शास्त्रीनगर थाना के राजाबाजार में स्थित नन बैंकिंग कंपनी पर छह करोड़ से अधिक रुपये के गबन का आरोप लगा है. इस संबंध में पीड़ित लोगों की ओर से अरवल के रामपुर चौरम निवासी संजय प्रसाद व अन्य ने शास्त्रीनगर थाने में लिखित शिकायत की है और कानूनी कार्रवाई करने का आग्रह पुलिस से किया है. पुलिस लिखित शिकायत के आधार पर मामले की जांच कर रही है. शास्त्रीनगर थानाध्यक्ष ने बताया कि लिखित शिकायत मिली है. फिलहाल जांच की जा रही है. जांच के बाद केस दर्ज कर आगे की कार्रवाई की जायेगी. कंपनी से जुड़े सात लोगों के खिलाफ थाने में शिकायत की गयी है.पीड़ितों ने कहा, आरडी व एफडी के नाम पर पैसे कराये गये जमा
शास्त्रीनगर थाने में पहुंचे गया जिले के शैलेंद्र कुमार ने बताया कि वे लोग कई साल से कंपनी में आरडी व एफडी के रूप में पैसा जमा करते रहे हैं. वर्ष 2023 तक जमा पैसों पर रिटर्निंग दी गयी. लेकिन उसके बाद बंद कर दिया गया. कार्यालय भी बंद है. कंपनी में सात निदेशक काम करते हैं. किसी का तीन लाख तो किसी का पांच लाख तो किसी का इससेअधिक रकम कंपनी में जमा की गयी है. शैलेंद्र कुमार ने बताया कि उनका और उनके परिवार का 25 लाख रुपया कंपनी में आरडी व एफडी के रूप में जमा है. लेकिन 2023 के बाद से लगातार टालमटोल किया जा रहा है. जमा पैसे नहीं दिये जा रहे हैं. जिंदगी भर की कमाई चली गयी है. अरवल के रामपुर चौरम निवासी संजय प्रसाद ने बताया कि कंपनी में लाखों रुपये आरडी एवं एफडी के रूप में निवेश किया गया. अब पैसा नहीं लौटाया जा रहा है. साथ ही जो पैसा मांगते हैं, उनके साथ बदतमीजी की जाती है. इस कंपनी में करीब 1200 से 1900 लोगों ने पैसा जमा कराया है. करीब छह करोड़ से अधिक रुपये का गबन कर गये हैं.डिस्क्लेमर: यह प्रभात खबर समाचार पत्र की ऑटोमेटेड न्यूज फीड है. इसे प्रभात खबर डॉट कॉम की टीम ने संपादित नहीं किया है
