पटना : बीएसइबी अध्यक्ष आनंद किशोर ने मैट्रिक परीक्षा 2017 के लिए ऑनलाइन परीक्षा फॉर्म भरने के दौरान 20,000 छात्रों के फर्जी रजिस्ट्रेशन मामले में सुधार करने के लिए स्कूल के प्राचार्यों को 15 जनवरी तक का समय दिया है. प्रचार्यों को निर्देश दिया गया है कि वे मैट्रिक परीक्षा के लिए पंजीकृत परीक्षार्थियों के चेकलिस्ट का मिलान कर सही-सही सूची बिहार विद्यालय परीक्षा समिति को उपलब्ध करा सकें. प्राचार्य परीक्षार्थियों का नाम, माता का नाम, जन्म तिथि, लिंग, कोटी, नि:शक्त, धर्म, परीक्षा का माध्यम, परीक्षा के विषय का विद्यालय के अभिलेखाें से मिलान कर संशोधित सूची समिति की वेबसाइट पर अपलोड करेंगे. इसमें यदि किसी विद्यार्थी का फोटो और हस्ताक्षर, नाम, पिता के नाम में किसी तरह की स्पेलिंग में गलती हो, तो उसे भी समिति के इमेल आइडी matriccorrection.bseb@gmail.com पर मेल कर सकेंगे.
विदित हो कि बिहार विद्यालय परीक्षा समिति की अोर से लगभग 20,000 मैट्रिक परीक्षार्थियों के फर्जी रजिस्ट्रेशन का मामला सामने अाया है. 3000 मामलाें में माता-पिता का नाम और जन्म तिथि तो समान है, लेकिन छात्र और छात्राओं के नाम अलग-अलग हैं. उसी प्रकार 12,000 मामले में किसी में पिता के, तो किसी में माता के नाम अलग हैं. वहीं, 5000 रजिस्ट्रेशन ऐसे हैं, जिसमें विद्यार्थी के नाम अलग-अलग हैं.
