फुलवारीशरीफ : पुनपुन की लहरों से रिंग बांध दो जगह से टूटा, हड़कंप

ओवरफ्लो कर जा रहा बांध, उधर पंडारक टाल में बारी नदी पर जमींदारी बांध भी टूटा फुलवारीशरीफ : औरंगाबाद की ओर से आ रहे तेज जल धारा से पुनपुन नदी में आये उफान से मंगलवार को दो स्थानों पर पुनपुन सुरक्षा बांध का रिंग बांध टूट गया. रिंग बांध टूटने से प्रशासनिक महकमे से लेकर […]

ओवरफ्लो कर जा रहा बांध, उधर पंडारक टाल में बारी नदी पर जमींदारी बांध भी टूटा
फुलवारीशरीफ : औरंगाबाद की ओर से आ रहे तेज जल धारा से पुनपुन नदी में आये उफान से मंगलवार को दो स्थानों पर पुनपुन सुरक्षा बांध का रिंग बांध टूट गया. रिंग बांध टूटने से प्रशासनिक महकमे से लेकर ग्रामीणों में हडकंप मच गयी.
पुनपुन नदी का जलस्तर खतरे के निशान से ऊपर है. जिसके चलते जहां पानी का दबाव अधिक होता है वहां रिंग बांध से पानी ओवर फ्लो हो जा रहा है. हालांकि प्रशासनिक अमले ने स्थानीय जनप्रतिनिधियों की मदद की तत्परता और ग्रामीणों की मदद से बांध की मरम्मत कर खतरे को टाल दिया गया. हालांकि जलस्तर लगातार बढ़ने से सुरक्षा बांध पर खतरा बरकार है.
जिला प्रशासन और जनप्रतिनिधियों के साथ ग्रामीण रतजगा कर हालत पर पैनी नजर बनाये हुए हैं. हालत की गंभीरता को देखते हुए पटना से आला अधिकारियों की टीम मौके पर जायजा लेने पहुंची और आवश्यक दिशा निर्देश जारी किया गया. मंगलवार की सुबह सात बजे सकरैचा पंचायत के उपमुखिया राजीव रंजन ने मुखिया संतोष कुमार को सूचना दी बखपुर के समीप रिंग बांध में बहुत तेजी से रिसाव हो रहा है.
मुखिया ने बीडीओ और सीओ को सूचना दी. आठ बजे तक अधिकारी पहुंच गये और टूटे बांध को बांधने का काम शुरू कर दिया. वहीं चिहुंट गांव के पास सोमवार को रिंग बांध की मरम्मती के बावजूद पुनपुन की जल धारा का दबाव से रिंग बांध दोबारा मंगलवार की देर शाम टूट गया. बोरा डाल बांध की मरम्मत की गयी.
तारणपुर के बंगलापर टोले के पास देर रात टूटा रिंग बांध, 200 लोगों को किया रेस्क्यू

दूसरे दिन भी नहीं बंधा जमींदारी बांध, कठौतिया नदी तटबंध टूटा
दनियावां : प्रखंड के कुंडली गांव के समीप जमींदारी बांध पानी के तेज धारा के कारण दूसरे दिन भी देर शाम तक नहीं बंधा जा सका. हालांकि सिंचाई विभाग के जेइ सुनील कुमार के देखरेख में बांध को बांधने का पूरा प्रयास किया जा रहा है.
इस दौरान विभाग के दर्जनों मजदूर बॉस गाड़ कर बोरी में बालू व मिट्टी भर कर जमींदारी बांध को बांधने में जुटे रहे. प्रखंड के होरिलबिगहा प्राथमिक विद्यालय बाढ़ के पानी से बिल्कुल घिर चुका है और हरिनगर, मकसूदूर व शिवचक गांव भी पानी से घिर चुका है. मकसूदपुर के ग्रामीण जांघ भर पानी में घुसकर आ जा रहे हैं.
प्रखंड के महत्माइन नदी की शाखा कठौतिया नदी तट बंध सोमवार की देर रात्रि टूट गया, जिससे दनियावां के शिवचक और फतुहा के गौरिपुंदह और अब्दलचक व नरायन टोला के हजारों बिगहा में लगी धान की फसल डूब गयी. बांध के टूटने से फतुहा के अब्दालचक के बरकुरबा खंधा के अलंग में दो जगह खांड़ होने से सैकड़ों बिगहा धान की फसल में पानी घुस गया. तटबंध टूटने की खबर सुन मंगलवार की सुबह सिंचाई विभाग के एसडी प्रेम कुमार व जेइ राजीव रंजन मौके पर पहुंच कर स्थिति का जायजा लिया.
दानापुर में गंगा ने दिखाया रौद्र रूप दर्जनों घरों में घुसा बाढ़ का पानी
दानापुर : गंगा ने रौद्र रूप से दियारे के लोग सहमे हुए है. मंगलवार की सुबह खतरे के निशान से चार इंच ऊपर गंगा का पानी बह रही थी. दियारे के तटवर्ती व निचले इलाकों में पानी तेजी से घुस रहा है. दियारे की सात पंचायतों का संपर्क प्रखंड मुख्यालय से टूट गया है. बाढ़ के पानी से दियारे में खेतों में लगी सैकड़ों एकड़ फसल डूब चुकी है. कई गांवों के लोग पलायन की तैयारी में हैं. पानी इसी तरह बढ़ता रहा तो 24 घंटे के अंदर पूरा दियारा जलमग्न हो जायेगा.
पुनपुन के पानी में प्रति घंटे एक सेमी की हो रही बढ़ोतरी
मसौढ़ी. पुनपुन नदी का जलस्तर प्रति घंटे एक सेंटीमीटर बढ़ रहा है. जलस्तर खतरे के निशान से 2.5 मीटर ऊपर बह रहा है. केंद्रीय जल आयोग पटना की मानें तो बीते सोमवार की देर शाम नदी का जलस्तर जहां अब तक के दर्ज नदी का सबसे अधिक जलस्तर 1976 में 53.91 के आलोक में 53.02 मीटर दर्ज किया गया था. वहीं मंगलवार की शाम 53.31 मीटर दर्ज किया गया.
पटना केंद्रीय जल आयोग के सीनियर वर्क असिस्टेंट जहरूल हक ने बताया कि पुनपुन प्रखंड स्थित श्रीपालपुर में शाम छह बजे पुनपुन नदी का जलस्तर 53.31 मीटर दर्ज किया गया. दूसरी ओर जल संसाधन विभाग अनिसाबाद पटना के कार्यपालक अभियंता रामसेवक शर्मा ने बताया कि अनिसाबाद के हिस्से में आने वाली पुनपुन नदी घाट का जलस्तर मंगलवार को अब तक के सर्वाधिक जलस्तर 1976 के 54.59 मीटर से मात्र 68 सेंटीमीटर नीचे है.
पुनपुन घाट समेत पुनपुन बाजार के कुछ हिस्सों में फैला पानी: मंगलवार को पुनपुन नदी के बढ़े जलस्तर से पुनपुन नदी घाट स्थित पिंडदान स्थल एवं पुनपुन बाजार के ब्लाॅक चौराहा, ठाकुरबाड़ी रोड व पटेल नगर में पानी फैल गया है.
पानी की रफ्तार ऐसी ही रही तो पुनपुन बाजार पूरी तरह प्रभावित हो जायेगा. वहीं पुनपुन जाहिदपुर स्थित रामानंद सिंह रामगोविंद सिंह उच्चतर माध्यमिक विद्यालय व उसके बाहरी परिसर में पानी फैल गया है. जाहिदपुर के पास स्थित एक पुलिया के बंद कर देने के बावजूद उसके बगल से पानी जाहिद पूर गांव के बाहरी भाग में फैल गया है.
जल्ला में कायम है परेशानी: पटना सिटी. पुनपुन के जलस्तर में हुई वृद्धि के बाद दीदारगंज थाना के पूनाडीह, सोनामा पंचायत से जुड़े आधा दर्जन गांव में जलजमाव की स्थिति हो गयी है. पूनाडीह के मुखिया शंकर यादव ने बताया कि घरों में पानी आ जाने व आने-जाने के मार्ग में पानी भर जाने से लोगों की परेशानी बढ़ गयी है.
पुनपुन बांध और दरधा नदी का मंत्री व सचिव ने किया निरीक्षण
पटना : राज्य में पुनपुन बांध और दरधा नदी में पानी का जल संसाधन विभाग के मंत्री संजय कुमार झा और विभाग के सचिव संजीव हंस ने मंगलवार शाम निरीक्षण किया.
बक्सर और पटना शहर में गंगा के जलस्तर में कमी हो रही है. केंद्रीय जल आयोग के अनुसार गंगा का बक्सर में खतरे के निशान से 20 सेमी नीचे थी. पटना के दीघा घाट में खतरे के निशान से 44 सेमी, गांधी घाट में 106 सेमी, हथिदह में 90 सेमी, मुंगेर में 24 सेमी, भागलपुर में 71 सेमी, कहलगांव में 117 सेमी, साहेबगंज में 118 सेमी, सोन नदी 85 सेमी खतरे के निशान से ऊपर थी.
पुनपुन नदी श्रीपालपुर में 258 सेमी, इसमें 17 सेमी बढ़ोतरी होगी. घाघरा नदी के जलस्तर में दरौली, गंगपुरसिसवन, छपरा और गंडक नदी के जलस्तर में डुमरियाघाट व हाजीपुर में कमी हो रही है. बूढ़ी गंडक नदी 167 सेमी ऊपर थी, इसमें 14 सेमी बढ़ाेतरी हो सकती है. बागमती नदी के जलस्तर में कमी हो रही है.
अधवारा समूह कमतौल में खतरे के निशान से नौ सेमी नीचे थी, इसमें 19 सेंमी की बढ़ोतरी हो सकती है. कमला बलान नदी के जलस्तर में जयनगर और झंझारपुर में कमी हो सकती है. कोसी नदी का जलस्तर बसुआ और बलतारा में कम हो रहा है. वहीं कुरसेला में यह मंगलवार को खतरे के निशान से 158 सेमी ऊपर था, उसमें बुधवार को 12 सेमी बढ़ोतरी हो सकती है.

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