5 साल की एनएससी पर ब्याज 8 फीसदी
पटना : यदि आप चाहते हैं कि ऐसी जगह निवेश किया जाये, जहां फायदा अधिक मिले और टैक्स भी बचे तो नेशनल सेविंग सर्टिफिकेट (एनएससी) से बेहतर दूसरा विकल्प और कोई नहीं हो सकता है. सरकार ने अक्तूबर से 5 साल की एनएससी पर ब्याज दर 7.6 से बढ़ा कर 8 फीसदी कर दी है.
इतना ब्याज वर्तमान समय में भी किसी प्रमुख बैंक के फिक्सड डिपॉजिट पर नहीं मिल रहा है. इतना ही नहीं एनएससी में निवेश करने पर आयकर की धारा 80 सी के तहत छूट भी मिलती है. वहीं ब्याज वार्षिक कंपाउंडिंग के हिसाब से लगेगा, जो योजना की परिपक्वता पर मूलधन के साथ जोड़ कर मिलेगा. वहीं दूसरी ओर प्रमुख बैंक एफडी पर 5.30 फीसदी से 7.75 फीसदी तक ही ब्याज दे रहे हैं. स्टेट बैंक में एफडी योजनाओं पर 5.75 फीसदी से 6.85 फीसदी सालाना ब्याज मिल रहा है. जबकि स्टेट बैंक सीनियर सिटीजन को पांच साल के एफडी पर 7.35 फीसदी तक ब्याज दे रहा है.
निवेश की अधिकतम लिमिट तय नहीं
पोस्ट ऑफिस के एनएससी स्कीम के तहत निवेश की कुल अवधि 5 साल की है. डाक विभाग के अनुसार इस स्कीम के तहत खाता कम-से-कम 100 रुपये से खुलता है. वहीं, इसमें निवेश की अधिकतम लिमिट तय नहीं है. यानी स्कीम में आप कितना भी पैसा जमा कर सकते हैं जो 100 के गुणक में हो. वित्तीय सलाहकार टीडी सिंह के अनुसार एनएससी के तहत खाता किसी भी पोस्ट ऑफिस के ब्रांच में खोला जा सकता है.
वहीं एक सिंगल होल्डर टाइप सर्टिफिकेट कोई भी वयस्क अपने नाम से या अपने बेटे और बेटियों के नाम से खरीद सकता है. इसमें निवेश करने की कोई सीमा नहीं है. हैसियत और क्षमता के अनुसार कितनी भी राशि का एनएससी खरीद सकते हैं. आयकर की धारा 80सी के तहत टैक्स में छूट मिलती है. यह छूट 1.5 लाख रुपये तक के निवेश पर ही मिलती है.
