पटना : भाजपा स्वतंत्र एजेंसी के जरिये अपने सभी केंद्रीय मंत्रियों का रिपोर्ट कार्ड तैयार करा रही है. ऐसा माना जा रहा है कि इस रिपोर्ट कार्ड से ही लोकसभा चुनाव में उनकी उम्मीदवारी तय होगी. दो दिन पहले आरएसएस समन्वय की बैठक में भी इस पर गंभीर चर्चा हुई थी. केंद्रीय मंत्रिमंडल में बिहार से सात मंत्री हैं. इनमें तीन कैबिनेट और चार राज्यमंत्री हैं.
सात में दो भाजपा के सहयोगी दलों से मंत्री हैं. इससे अब स्पष्ट हो गया है कि भाजपा पूरी तरह से चुनावी मोड में आ गयी है. पार्टी तीन बार लोकसभा वार सर्वे करा चुकी है. इसके अलावा सांसदों का रिपोर्ट कार्ड भी पार्टी ने तैयार कराया है. इसके बाद अब केंद्रीय मंत्रियों का रिपोर्ट कार्ड तैयार कराने की पहल शुरू हुई है.
रिपोर्ट कार्ड से तय होगी लोकसभा चुनाव की उम्मीदवारी
प्रदेश से पार्टी के पांच मंत्री हैं केंद्र में
भाजपा कोटे से प्रदेश के पांच मंत्री केंद्र में हैं. इनमें कैबिनेट स्तर के राधामोहन सिंह और रविशंकर प्रसाद हैं, जबकि राज्यमंत्री स्तर के गिरिराज सिंह, अश्विनी चौबे और रामकृपाल यादव हैं. पार्टी के उच्चपदस्थ सूत्रों के अनुसार इस रिपोर्ट कार्ड से मंत्रियों के कामकाज की समीक्षा होगी. साथ ही आम लोग और पार्टी कार्यकर्ताओं में उनकी पकड़ व पैठ के बारे में भी जाना जा सकेगा. यह भी जानने का प्रयास होगा कि उनके काम से जनता को कितना लाभ हुआ. उनके क्षेत्र की जनता उनसे कितनी खुश है.
अपना काम शुरू कर चुकी है एजेंसी
बताया जा रहा कि एजेंसी ने अपना काम शुरू कर दिया है. रिपोर्ट कार्ड अगले चुनाव में उनकी उम्मीदवारी को पुख्ता करेगा. रिपोर्ट कार्ड बनाने वाली एजेंसी संबंधित मंत्रियों के क्षेत्र में सक्रिय हो गयी है. कई स्तर से जानकारियां जुटायी जा रही हैं.
भाजपा के नेता इस मसले पर आधिकारिक रूप से कुछ भी बोलने को तैयार नहीं हैं. वहीं दूसरी ओर एजेंसी के अलावा पार्टी के मातृ संगठन ने भी अपनी जानकारी से भाजपा को अवगत करा दिया है. शुक्रवार को हुई समन्वय की बैठक में भी इस पर चर्चा की गयी थी.
