दो घंटे तक व्यस्त रहा हवाई परिचालन
पटना : सोमवार को पटना एयरपोर्ट पर दो घंटे तक टैक्सी बे में इंडिगों का विमान खड़ा रहा. वजह चारों पार्किंग बे का भरा होना था. इनमें तीन में गो एयरलाइंस का विमान जबकि एक में जेट की पटना दिल्ली फ्लाइट खड़ी थी. यात्रियों के सेक्यूरिटी क्लीयरेंस में देरी लगने की वजह से वहां खड़े विमानों के बोर्डिंग में देरी हो रही थी और पार्किंग बे खाली होने के इंतजार में टैक्सी बे में खड़े विमान के यात्री उतरने के इंतजार में उकता रहे थे. इस दौरान दो-तीन विमानों को आसमान में भी होल्ड पर रखा गया और लगभग दो घंटे तक पूरा हवाई परिचालन अस्त-व्यस्त रहा. शाम छह बजे के बाद ही परिचालन पूरी तरह सामान्य हो सका.
प्रभात खबर की पड़ताल में सामने आया कि बोर्डिंग में होने वाले देरी की वजह सेक्यूरिटी जांच में अधिक समय लगना था. 15 अगस्त को ध्यान में रखते हुए देश के सभी एयरपोर्ट पर सुरक्षा जांच को अधिक सख्त बनाने के निर्देश दिये गये हैं.
इसके कारण सीआईएसएफ ने टर्मिनल भवन के चेक-ईन एरिया में प्रवेश से लेकर सेक्यूरिटी होल्ड एरिया में प्रवेश तक के मानदंडों को पहले की अपेक्षा अधिक कड़ा कर दिया है. हैंड बैगेज की जांच से लेकर एक्सरे जांच तक सभी स्तरों पर सुरक्षा जांच बढ़ा दी गयी है. साथ ही, यात्री के बोर्डिंग पास और दस्तावेजों की जांच भी अधिक सावधानी से की जा रही है. एयरलाइंस भी चेक-ईन लगेज की जांच में पहले की अपेक्षा अधिक सावधानी बरत रहे हैं अतिरिक्त सावधानी बरतने के कारण जांच में समय भी अधिक लग रहा है.
इसके कारण सेक्यूरिटी क्लीयरेंस की रफ्तार धीमी हो गयी है, जिससे बोर्डिंग में अधिक समय लग रहा है. छोटा एयरपोर्ट और क्षमता से छह गुना अधिक ट्रैफिक लोड होने की वजह यहां एक विमान को केवल तीस मिनट का स्टे स्लॉट दिया गया है. ऐसे में बोर्डिंग में अतिरिक्त समय लगने से परेशानी बढ़ जाती है. पिछले दो-तीन दिनों से पटना एयरपोर्ट टर्मिनल पर बढ़ी भीड़-भाड़ की वजह यही है.
