यूएमआईएस को पूर्ण रूप से लागू करें विवि
राजभवन सभागार में हुई राज्य के विश्वविद्यालयों के कुलपतियों की बैठक
पटना : राज्यपाल-सह-कुलाधिपति सत्य पाल मलिक ने सभी विश्वविद्यालयों को आगामी 2019-20 सत्र से यूनिवर्सिटी मैनेजमेंट इंफॉर्मेशन सिस्टम (यूएमआईएस) को पूर्ण रूप से लागू करने की तैयारी करने का निर्देश दिया है.
उन्होंने कहा कि यूएमआईएस की व्यवस्था सभी विश्वविद्यालय अलग-अलग विकेंद्रीकृत रूप में लागू करें, ताकि स्थानीय जरूरतों और सुविधाओं के लिहाज से उत्कृष्ट कार्यकारी एजेंसी का चयन एवं गुणवत्तापूर्ण कार्य सुनिश्चित हो सके. वे शनिवार को राजभवन सभागार में राज्य के विश्वविद्यालयों के कुलपतियों की बैठक की अध्यक्षता कर रहे थे. बैठक में राज्यपाल के प्रधान सचिव, विवेक कुमार सिंह, शिक्षा विभाग के अपर सचिव मनोज कुमार सहित राज्यपाल सचिवालय एवं शिक्षा विभाग के कई वरीय अधिकारीगण उपस्थित रहे.
आधुनिक ज्ञान व तकनीक का करें भरपूर उपयोग : राज्यपाल ने कहा कि विश्वविद्यालयों को अपने क्रियाकलापों में आधुनिक ज्ञान और तकनीक का भरपूर उपयोग करना चाहिए. सूचना प्रावैधिकी का पूरा उपयोग करते हुए हम न केवल विश्वविद्यालय की गतिविधियों में पारदर्शिता और गतिशीलता ला सकते हैं, बल्कि शोध एवं प्रशिक्षण तथा प्रयोगशाला व पुस्तकालय-प्रबंधन आदि व्यवस्था को भी सुदृृढ़ीकृत कर सकते हैं. उन्होंने सभी बीएड कॉलेजों एवं विश्वविद्यालयों को बीएड पोस्ट मोबाइल एप का उपयोग पूरी तरह सुनिश्चित करने के निर्देश दिये. कहा कि कक्षाओं में शिक्षकों एवं छात्रों की नियमित उपस्थिति की व्यवस्था बहाल करते हुए बीएड शिक्षण एवं प्रशिक्षण को गुणवत्तापूर्ण बनाना है.
महाविद्यालयों को भी किया जा रहा कंप्यूटरीकृत : कुलाधिपति ने कहा कि इसी तरह ‘ऑनलाइन रिपोर्टिंग सिस्टम फॉर कॉलेजेस’ विकसित करते हुए महाविद्यालयों को भी पूरी तरह कंप्यूटरीकृत किया जायेगा. इसके तहत पाठ्यक्रमों की संख्या, शिक्षकों एवं छात्रों की प्रोफाइल, पुस्तकालय की स्थिति तथा प्रयोगशाला की गतिविधियां आदि भी कंप्यूटरीकृत हो जायेंगी. इनके बारे में ऑनलाइन रिपोर्टिंग की व्यवस्था महाविद्यालय स्तर पर बहाल की जा रही है. बैठक में ‘ राजभवन संवाद ’ पत्रिका के तीसरे अंक (माह अगस्त) की प्रथम प्रति भी प्रधान सचिव द्वारा राज्यपाल को समर्पित की गयी.
यूनिवर्सिटी मैनेजमेंट इंफॉर्मेशन सिस्टम के तहत पूरी स्टूडेंट लाइफ साईकिल यानि छात्रों के नामांकन, निबंधन, उपस्थिति, परीक्षा-व्यवस्था, परीक्षाफल प्रकाशन, टीआर और मार्क्स जेनरेशन, विभिन्न प्रमाण-पत्रों, डिग्री एवं माइग्रेशन आदि प्रमाण-पत्रों के वितरण आदि की व्यवस्था पूरी तरह कंप्यूटरीकृत हो जायेगी. इस पद्धति से शिक्षकों एवं शिक्षकेत्तर कर्मियों की पूरी प्रोफाइल, उनकी पदस्थापन विवरणी तथा अवकाश संधारण आदि व्यवस्था का भी कंप्यूटरीकरण होगा. यूएमआईएस के तहत पे रोल एंड मैनेजमेंट अकाउंट सिस्टम, इंवेंटरी मैनेजमेंट, होस्टल मैनेजमेंट एवं लाइब्रेरी मैनेजमेंट आदि भी ऑनलाइन उपलब्ध होगा.
पटना : राज्य स्तरीय संयुक्त (सीईटी-बीएड 2018) बीएड कॉलेजों में प्रवेश में कुछ स्टूडेंट्स को परेशानी खड़ी हो गयी है. शनिवार को बिहार के छह माइनरिटी कॉलेजों में स्टूडेंट्स का एडमिशन नहीं हुआ. पटना के दो और दरभंगा के तीन कॉलेज भी इसमें शामिल है. इन छह कॉलेजों में एडमिशन नहीं होने से परेशान स्टूडेंट्स शनिवार को एनओयू ऑफिस को घेर लिया और हंगामा करने लगे. स्टूडेंट्स ने कहा कि एनओयू द्वारा एलॉउट हुए इन कॉलेजों में एडमिशन नहीं लिया जा रहा है. स्टूडेंट्स को काफी समझाया गया तब जा कर मामला शांत हुआ.
सीईटी-बीएड के नोडल अधिकारी ने डॉ एसपी सिन्हा ने कहा कि छह माइनरिटी कॉलेज ने कहा है कि मैं अपने स्तर से आवेदन लिया हूं और अपने स्तर से काउंसेलिंग प्रक्रिया करूंगा. इन कॉलेजों ने कहा कि इसमें सभी सीईटी बीएड प्रवेश परीक्षा सफल स्टूडेंट्स का ही एडमिशन होगा, लेकिन जिन लोगों ने मेरे कॉलेज में रजिस्ट्रेशन कराया है, उन्हीं लोगों का एडमिशन होगा. उन्होंने कहा कि इस संबंध में कुलाधिपति को जानकारी दी जायेगी कि कुछ कॉलेजों ने एडमिशन नहीं लिया है.
क्योंकि एडमिशन प्रक्रिया कुलाधिपति के निर्देश पर ही हो रहा है. कुलाधिपति से आदेश आने के बाद ही, जो कार्रवाई होगी की जायेगी. फर्स्ट लिस्ट में 29,763 स्टूडेंट्स शामिल हैं. 322 बीएड कॉलेज में 36640 सीटों पर एडमिशन होना है. एडमिशन के लिए तिथि 14 अगस्त तक बढ़ा दी गयी है. बीच में रविवार और बैंक बंद रहने के कारण एडमिशन 13 और 14 दोनों दिन होगा.
राजभवन ने दिया था सख्त निर्देश : राजभवन ने पीडब्ल्यूसी की प्राचार्या को सख्त लहजे में नोटिस जारी कर कहा था कि नियम की अवहेलना करने की स्थिति में राजभवन के द्वारा सख्त कार्रवाई की जायेगी.
संत जेवियर ने देर शाम वेबसाइट से हटायी लिस्ट
सीईटी-बीएड 2018 के आधार पर पटना वीमेंस कॉलेज और संत जेवियर कॉलेज ने एडमिशन नहीं लिया. राजभवन के चुप्पी के कारण स्टूडेंट्स आंदोलन के मूड में हैं. वहीं पीडब्ल्यूसी अपने तय तिथि के अनुसार इंटरव्यू प्रक्रिया भी शुरू कर दी है.
पहले दिन करीब 150 छात्राएं इंटरव्यू में शामिल भी हुए. वहीं संत जेवियर कॉलेज ने भी एडमिशन के लिए नोटिस जारी कर दी है. हालांकि एनओयू में देर शाम हुए हंगामे के बाद संत जेवियर कॉलेज ऑफ एजुकेशन से एडमिशन के लिए जारी लिस्ट वेबसाइट से हटा लिया.
पटना : पाटलिपुत्र यूनिवर्सिटी के विभिन्न कॉलेजों में शनिवार को ग्रेजुएशन में एडमिशन की प्रक्रिया शुरू हो गयी. बैंक बंद रहने के बाद भी कई कॉलेजों ने दबाव में एडमिशन प्रक्रिया को शुरू कर दिया है. एडमिशन लेने वाले सभी स्टूडेंट्स को बैंक चालान दे दिया गया है. पहले दिन कॉलेज ऑफ कॉमर्स में 188 से अधिक एडमिशन हुए. इन सभी स्टूडेंट्स को बैंक चालान दिया गया है. चालान मंगलवार तक वैध रहेगा. वहीं 200 से अधिक स्टूडेंट्स का चालान आरकेडी कॉलेज में काटा. टीपीएस कॉलेज में भी 25 से अधिक एडमिशन हुए हैं.
अब सभी कॉलेजों में 13 से पुन: एडमिशन प्रक्रिया शुरू हो जायेगा. कॉलेज ऑफ कॉमर्स के प्राचार्य प्रो तपन कुमार शांडिल्य ने कहा कि 13 और 14 अगस्त को एडमिशन होगा. 15 को एडमिशन बंद रहेगा. 16 को एडमिशन पुन: शुरू हो जायेगा. एडमिशन प्रक्रिया जल्द पूरी हो इसके लिए सभी संकाय के लिए अलग-अलग टेबल तैयार किये गये हैं.
