अकबरपुर.
काना नक्षत्र में हो रही बारिश किसानों के लिए खुशहाली लेकर आयी है.खरीफ फसल के लिए यह वर्षा वरदान साबित होगी. क्योंकि खरीफ फसल धान सिचाई के अभाव में मुरझा रहे थे. वहीं कुछ धान का तो मोबार भी कट गया था. फतेहपुर गांव किसान गणेश यादव बताते हैं कि धान की फसल में कीट का काफी प्रकोप था. कीटनाशक का छिड़काव किया, फिर भी पूरी तरह से कीट समाप्त नहीं हुआ, लेकिन यह बारिश कीटनाशक से ज्यादा काम करेगी. सुबह आसमान में काले बादल देख किसान प्रफुल्लित हो उठे. कुछ ही देर बाद बारिश हुई, इससे किसानों में खुशी की लहर देखी जा रही है. हालांकि अभी भी किसानों की उम्मीद लायक बारिश नहीं हुई है. बारिश के बाद अपने-अपने खेतों का जायजा लेने के लिए किसान खेत की ओर निकल पड़े. प्रखंड के पहाडपुर के किसान उमेश सिह, सुधीर सिह, जयराम सिंह आदि ने बताया कि धान की फसल को जितने पानी की आवश्यकता है, वह बारिश से प्राप्त नहीं हो रही है. इसलिए इस बारिश के बाद भी अगर आगे बारिश नहीं हुई, तो किसानों को पटवन का ही सहारा लेना पड़ सकता है. किसानों ने बताया कि अभी धान में बाली लगने की समय है. ऐसे यदि अगले एक दो दिन तक बारिश होती है, तो किसानों के लिए वरदान साबित होगा.डिस्क्लेमर: यह प्रभात खबर समाचार पत्र की ऑटोमेटेड न्यूज फीड है. इसे प्रभात खबर डॉट कॉम की टीम ने संपादित नहीं किया है
