Nawada News : वारिसलीगंज प्रखंड के इंटर विद्यालय सौर दरियापुर में बिहार राज्य भारत स्काउट एवं गाइड के तत्वावधान में आयोजित छह दिवसीय प्रशिक्षण कार्यक्रम का समापन किया गया. समापन समारोह में मुख्य अतिथि के रूप में जिला परिषद अध्यक्ष पुष्पा कुमारी, जिला संगठन आयुक्त संतु कुमार, संतोष कुमार वर्मा, शारीरिक शिक्षक सह स्काउट मास्टर सहित विद्यालय के शिक्षक और बड़ी संख्या में छात्र-छात्राएं उपस्थित रहे.
स्वागत गीत से अतिथियों का किया गया स्वागत
कार्यक्रम की शुरुआत जिला परिषद अध्यक्ष पुष्पा कुमारी के विद्यालय पहुंचने के बाद हुई. प्रभारी प्रधानाध्यापक संतोष कुमार ने अंगवस्त्र, बुके और माला पहनाकर उनका स्वागत किया. इस दौरान स्काउट एवं गाइड के बच्चों ने स्वागत गीत प्रस्तुत कर अतिथियों और उपस्थित लोगों का मन मोह लिया.
स्काउटिंग से बच्चों में विकसित होती है अनुशासन और नेतृत्व की भावना
प्रभारी प्रधानाध्यापक संतोष कुमार ने कहा कि स्काउटिंग बच्चों को बेहतर जीवन जीने की कला सिखाती है. इससे बच्चों में अनुशासन, स्वावलंबन, सेवा भावना, नेतृत्व क्षमता और देशभक्ति की भावना विकसित होती है. उन्होंने कहा कि प्रशिक्षण के माध्यम से बच्चों को जीवन की विभिन्न परिस्थितियों का सामना करने और जिम्मेदारी निभाने के लिए तैयार किया जाता है.
Also Read : नवादा: वित्त रहित शिक्षा नीति समाप्त करने की मांग, कांग्रेस सेवादल ने किया धरना-प्रदर्शन
बच्चों की पाककला देखकर जिप अध्यक्ष ने की सराहना
जिला परिषद अध्यक्ष पुष्पा कुमारी ने प्रशिक्षण के दौरान बच्चों द्वारा तैयार किए गए विभिन्न प्रकार के व्यंजनों का स्वाद लिया. उन्होंने कहा कि बच्चों द्वारा इतनी अच्छी पाककला का प्रदर्शन देखकर उन्हें अपना बचपन याद आ गया. उन्होंने कहा कि पाककला हमारे जीवन का महत्वपूर्ण हिस्सा है और प्रत्येक व्यक्ति को इसका सामान्य ज्ञान होना आवश्यक है.
बच्चों को संबोधित करते हुए उन्होंने कहा कि आप देश के अनुशासित सिपाही हैं. सभी को अपने जीवन में अनुशासन अपनाना चाहिए और अपने से बड़ों का सम्मान करना सीखना चाहिए. उन्होंने बच्चों को समाज और देश के प्रति जिम्मेदार नागरिक बनने का संदेश दिया.
प्रशिक्षण में सीखी बातों को दैनिक जीवन में उतारें बच्चे
जिला संगठन आयुक्त संतु कुमार ने कहा कि छह दिनों के प्रशिक्षण के दौरान बच्चों ने जो कुछ सीखा है, उसे केवल प्रशिक्षण तक सीमित नहीं रखना चाहिए, बल्कि दैनिक जीवन में भी उतारने की आवश्यकता है. उन्होंने कहा कि स्काउट एवं गाइड प्रशिक्षण का वास्तविक उद्देश्य बच्चों में सेवा, अनुशासन, आत्मनिर्भरता, सहयोग और नेतृत्व की भावना विकसित करना है. उन्होंने सभी प्रतिभागियों को प्रशिक्षण में सीखी बातों को जीवनभर अपनाने के लिए प्रेरित किया.
Also Read : नवादा में कजरी महोत्सव का आयोजन, लोक परंपरा को बचाने का लिया संकल्प
प्राथमिक उपचार और टीमवर्क समेत कई गतिविधियों की दी गयी जानकारी
प्रशिक्षण के दौरान बच्चों को स्काउटिंग के विभिन्न कौशल, अनुशासन, सेवा भावना, प्राथमिक उपचार, टीमवर्क और पाककला सहित कई उपयोगी गतिविधियों की जानकारी दी गयी. प्रशिक्षण के माध्यम से बच्चों को आपसी सहयोग और जिम्मेदारी के साथ कार्य करने का व्यावहारिक ज्ञान भी दिया गया.
प्रशिक्षकों के प्रयास से सफल हुआ प्रशिक्षण कार्यक्रम
शारीरिक शिक्षक शैलेश कुमार ने प्रशिक्षण कार्यक्रम में महत्वपूर्ण भूमिका निभायी. प्रशिक्षक सौरभ गिरी, मुरलीधर सहित अन्य सहयोगियों के अथक प्रयास से छह दिवसीय प्रशिक्षण कार्यक्रम सफलतापूर्वक संपन्न हुआ.
