Nawada News (बब्लू कुमार): नवादा जिला मुख्यालय स्थित गांधी इंटर विद्यालय के खेल मैदान में रविवार को ‘बिहार राज्य मान्यता प्राप्त सांख्यिकी स्वयंसेवक संघ’ की जिला इकाई की एक बेहद महत्वपूर्ण और रणनीतिक बैठक आयोजित की गई. बैठक की अध्यक्षता जिला कोषाध्यक्ष सुनील कुमार ने की. इस महाजुटान में जिले भर से आए सैकड़ों प्रशिक्षित सांख्यिकी स्वयंसेवकों ने हिस्सा लिया. बैठक के दौरान स्वयंसेवकों ने सरकार के स्तर पर अपनी लंबित मांगों की उपेक्षा, लंबे समय से जारी बेरोजगारी के दंश और अपनी मांगों को मनवाने के लिए संगठन की आगामी धारदार रणनीति पर विस्तार से चर्चा की.
मुख्यमंत्री से लेकर मंत्रियों तक पहुंचाई जाएगी आवाज, चरणबद्ध आंदोलन की तैयारी
बैठक में उपस्थित सांख्यिकी स्वयंसेवकों ने अपनी एकजुटता का प्रदर्शन करते हुए सर्वसम्मति से एक बड़ा निर्णय लिया. संघ के पदाधिकारियों ने बताया कि वे अपनी वाजिब मांगों के समर्थन में बहुत जल्द स्थानीय विधायकों, प्रभारी मंत्रियों, राज्य के दोनों उपमुख्यमंत्रियों और मुख्यमंत्री को एक विस्तृत मांग पत्र (ज्ञापन) सौंपेंगे.
सभा को संबोधित करते हुए वक्ताओं ने कहा कि सरकार द्वारा वर्षों पहले पूरी तरह प्रशिक्षित किए जाने के बावजूद वे आज तक रोजगार के लिए दर-दर भटक रहे हैं और घोर आर्थिक तंगी व बेरोजगारी का सामना कर रहे हैं. ऐसे में अब समय आ गया है कि राज्य सरकार उनकी समस्याओं के त्वरित समाधान के लिए कोई ठोस और संवेदनशील नीतिगत पहल करे.
योजना एवं विकास मंत्री भगवान सिंह कुशवाहा को सौंपा जाएगा मांग पत्र
बैठक के दौरान कोर कमेटी ने यह भी तय किया कि संघ का एक विशेष प्रतिनिधिमंडल जल्द ही बिहार सरकार के योजना एवं विकास विभाग के माननीय मंत्री भगवान सिंह कुशवाहा से व्यक्तिगत मुलाकात करेगा और अपनी बहाली व रोजगार से संबंधित मुख्य एजेंडे का ज्ञापन सौंपेगा. स्वयंसेवकों ने बताया कि हाल ही में मंत्री ने मीडिया के माध्यम से सार्वजनिक तौर पर कहा था कि उन्होंने सांख्यिकी स्वयंसेवकों का यह गंभीर मुद्दा बिहार विधान परिषद में भी मजबूती से उठाया है. इसके साथ ही वर्ष 2012-13 के दौरान विभिन्न सरकारी योजनाओं में कार्यरत रहे स्वयंसेवकों की विभाग में पुनर्बहाली को लेकर अब विभागीय स्तर पर भी सकारात्मक व तकनीकी प्रयास किए जा रहे हैं.
मंत्री के बयान से जगी नई उम्मीद, संगठन की मजबूती पर बना साझा संकल्प
योजना एवं विकास मंत्री के इस हालिया सकारात्मक बयान से सालों से भटक रहे प्रशिक्षित स्वयंसेवकों के बीच रोजगार पाने की एक नई उम्मीद और चेतना जगी है. बैठक में मौजूद तमाम सदस्यों ने सामूहिक रूप से विश्वास जताया कि नीतीश सरकार अपने रोजगार संबंधी किए गए वादों को पूरा करते हुए उनके जीवन में उजियारा लाएगी और उनकी मांगों पर गंभीरता से विचार करेगी. इसके साथ ही भविष्य की चुनौतियों से निपटने के लिए प्रखंड स्तर पर संगठन को और अधिक मजबूत बनाने तथा मांगें पूरी नहीं होने की स्थिति में चरणबद्ध तरीके से शांतिपूर्ण आंदोलन चलाने पर भी सहमति बनी.
इस महत्वपूर्ण बैठक में मुख्य रूप से पंकज कुमार केसरी, संजीव कुमार, राजबल्लभ पासवान, विशांत कुमार, राजीव कुमार, दीपक चंदेल, राखी कुमारी, संध्या कुमारी, रविशंकर कुमार सहित नवादा जिले के दर्जनों सक्रिय स्वयंसेवक, महिला अभ्यर्थी और संघ के शुभचिंतक मुख्य रूप से उपस्थित रहे.
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