Nawada Liquor Seized News (कुमार मनीष देव): बिहार में पूर्ण शराबबंदी कानून को प्रभावी ढंग से लागू करने और सीमावर्ती इलाकों से होने वाली तस्करी पर लगाम कसने की दिशा में नवादा जिले की रजौली थाना पुलिस को एक और बड़ी और ऐतिहासिक सफलता हाथ लगी है. रजौली थाना पुलिस ने अंधरबारी गांव से मुरहेना जाने वाले मुख्य रास्ते पर स्थित एक राइस मिल के समीप से एक संदिग्ध पिकअप गाड़ी को रोककर भारी मात्रा में विदेशी शराब की बड़ी खेप बरामद की है. पुलिस ने ऑन-स्पॉट कार्रवाई करते हुए न केवल पिकअप वाहन को जब्त किया है, बल्कि उसमें सवार दो शातिर शराब तस्करों को भी गिरफ्तार कर लिया है, जो इस अवैध माल को खपाने के लिए एक बड़े नेटवर्क के साथ लाइव जुड़े हुए थे.
गुमनाम रास्ते से आ रही थी मौत की खेप
रजौली पुलिस और स्थानीय खुफिया सूत्रों से मिली लाइव जानकारी के अनुसार, थानाध्यक्ष सह इंस्पेक्टर रणजीत कुमार को एक सीक्रेट इनपुट मिला था कि चटकरी-बुढ़ियासाख-धमनी के रास्ते अंधरबारी होते हुए विदेशी शराब की एक बड़ी खेप बिहार की सीमा में दाखिल होने वाली है. सूचना की क्रेडिबिलिटी को देखते हुए पुलिस ने तुरंत जाल बिछाया. थाने में पदस्थापित सब-इंस्पेक्टर (SI) कन्हैया लाल एवं पीटीसी उपेंद्र कुमार के नेतृत्व में सशस्त्र बलों की एक विशेष टीम ने राइस मिल के पास मोर्चा संभाल लिया. जैसे ही एक तेज रफ्तार पिकअप वहां पहुंची, पुलिस ने उसे चारों तरफ से घेरकर रोक लिया.
यूपी की शराब और खुला बड़ा राज
जब पुलिस टीम ने पिकअप संख्या बीआर01जीएम1888 (BR01GM1888) के पिछले हिस्से की सघन तलाशी ली, तो उसमें रखे कार्टूनों को देखकर पुलिसकर्मियों की आंखें फटी की फटी रह गईं. जांच के दौरान उत्तर प्रदेश में बिक्री के लिए स्वीकृत (Sale in Uttar Pradesh) 375 एमएल वाले रॉयल स्टैग के प्रीमियम व्हिस्की की 72 बोतलें, डिलक्स व्हिस्की की 90 बोतलें, आइकॉनिक व्हिस्की की 93 बोतलें और 180 एमएल वाले रॉयल चैलेंज के 428 टेट्रा पैक लाइव बरामद किए गए. जब्त की गई कुल शराब की मात्रा 172.67 लीटर आंकी गई है.
बिहारशरीफ में मचना था बवाल
पुलिस कस्टडी में आते ही दोनों तस्करों के हौसले पूरी तरह पस्त हो गए. गिरफ्तार आरोपियों की पहचान रजौली के धमनी गांव निवासी मदन प्रसाद के पुत्र अखिलेश प्रसाद उर्फ भगत जी और नालंदा जिले के दीपनगर थाना क्षेत्र के मिथिकुआ गांव निवासी ललन साव के पुत्र सन्नी कुमार के रूप में की गई है. कड़ी पूछताछ में तस्करों ने कबूल किया कि वे इस पूरी खेप को सुरक्षित तरीके से नालंदा के बिहारशरीफ शहर में डिलीवर करने जा रहे थे, जहां इसे ऊंचे दामों पर बेचा जाना था.
थानाध्यक्ष इंस्पेक्टर रणजीत कुमार ने बताया कि दोनों आरोपियों के खिलाफ बिहार उत्पाद अधिनियम की सुसंगत और सख्त धाराओं के तहत प्राथमिकी (FIR) दर्ज कर ली गई है. शुक्रवार को दोनों तस्करों का स्थानीय अस्पताल में मेडिकल टेस्ट कराने के बाद उन्हें न्यायिक हिरासत में जेल भेज दिया गया है. पुलिस अब उनके द्वारा उगले गए राज के आधार पर मुख्य सप्लायरों को दबोचने के लिए छापेमारी कर रही है.
