ओड़िसा व झारखंड के इमारत-ए-शरिया के लोग पहुंचे नवादा
आईम्मा के जागरूकता कार्यक्रम में मौलाना व इमाम हुए शामिल
नवादा : नगर के पार नवादा स्थित अंसार नगर मदरसा अजमतिया में पटना फुलवारीशरीफ से आये इमारत-ए-शरिया बिहार, उड़ीसा व झारखंड के उपसचिव सह बिहार हज कमेटी के सदस्य मुफ्ती मो सोहराब आलम नदवी व मौलाना एसबली कासमी ने कौम में फैली कुरीतियों को लेकर जागरूकता अभियान के तहत मौलानाओं और इमामों को जागरूक किया. उन्होंने बताया कि समाज में बेहतर मैसेज देने का काम इन्हीं लोगों के द्वारा किया जाता है. इनकी पहल से ही समाज का उत्थान हो सकता है.
उन्होंने कहा कि जुमा में उनका बयान होता है, जिसे लोग मानते हैं़ वर्तमान में मुस्लिम कौम अशिक्षा का शिकार है. साथ ही दहेज प्रथा, बाल विवाह व शराबबंदी नहीं रुक रही है. इन बिंदुओं पर जिले के तमाम इमामों और मौलानाओं को एकत्रित कर उन्हें जागरूक होने का आग्रह किया गया है. उन्होंने बताया कि मुस्लिम कौम में अधिकांश लोग अशिक्षा के दलदल में फंसे हैं. उन्हें जब तक शिक्षित नहीं किया जायेगा, तब तक इस कौम का उत्थान नहीं हो सकेगा. उन्होंने कहा कि राज्य सरकार की महत्वाकांक्षी योजना शराबबंदी, बाल विवाह तथा दहेज प्रथा पर खास ध्यान देने मात्र से ही हमारा कौम एक नयी दिशा में बढ़ सकता है.
दहेज के लिए आये दिन बहू-बेटियों पर अत्याचार किया जा रहा है. मुस्लिम कौम में लोग इमामों के माध्यम से निकाह कराने का काम करते हैं, जिसके माध्यम से दहेज लेने व देनेवालों को रोकने के लिए पहल की जा सकती है. इसके बाद ही समाज में दहेज के लिए बहू-बेटियों को प्रताड़ित होने से बचाया जा सकता है. राज्य सरकार की हर योजना जनहित के लिए बनी है,
उस पर अमल करने की जरूरत है. उन्होंने तीन तलाक को लेकर कहा कि कोर्ट का निर्णय सभी के लिए होता है. हम भी इसके साथ हैं और उनके आदेश को पालन भी किया जा रहा है. इसके अलावा अन्य जो भी समस्याएं होती हैं उस पर सरकार से बातें कर निदान निकालने का प्रयास भी किया जाता रहा है. मौके पर मदरसा अजमतिया के मौलाना कारी सोएब सहित कई लोग मौजूद थे.
