ओवेरियन कैंसर को हराकर स्वस्थ जीवन की ओर लौटी महिला, आधुनिक इलाज से मिली नई जिंदगी

Narayana Cancer Centre: बिहार के नालंदा जिले की 41 साल की रीता कुमारी (बदला हुआ नाम) ने ओवेरियन कैंसर जैसी गंभीर बीमारी को हराकर नई जिंदगी की शुरुआत की है. पारस एचएमआरआई, पटना में सर्जरी, कीमोथेरेपी और टार्गेटेड थेरेपी के सफल उपचार के बाद वह पूरी तरह स्वस्थ हैं. विशेषज्ञों ने समय पर जांच और इलाज को सफलता की बड़ी वजह बताया.

Narayana Cancer Centre: नालंदा निवासी 41 साल की रीता कुमारी (बदला हुआ नाम) ने ओवेरियन कैंसर जैसी गंभीर बीमारी को मात देकर नई जिंदगी की ओर कदम बढ़ाया है. महिला का सफल इलाज डॉ. अभिषेक आनंद, डायरेक्टर, नारायणा कैंसर सेंटर एवं मेडिकल ऑन्कोलॉजी, पारस एचएमआरआई, पटना की देखरेख में किया गया. उपचार के बाद महिला पूरी तरह स्वस्थ है और सामान्य जीवन जी रही है.

रीता कुमारी को जांच के दौरान ओवेरियन कैंसर होने का पता चला था. बीमारी की पुष्टि के बाद उनकी स्थिति का विस्तृत मूल्यांकन कर चरणबद्ध उपचार योजना तैयार की गई. उनका इलाज अगस्त 2024 से दिसंबर 2025 तक चला. इस दौरान उनका सफल ऑपरेशन (सर्जरी) किया गया तथा उन्हें कीमोथेरेपी और टार्गेटेड थेरेपी भी दी गई. आधुनिक उपचार पद्धतियों और विशेषज्ञ चिकित्सकीय देखरेख के कारण मरीज ने बीमारी पर सफलतापूर्वक विजय प्राप्त की.

डॉ. अभिषेक आनंद, डायरेक्टर, नारायणा कैंसर सेंटर एवं मेडिकल ऑन्कोलॉजी, पारस एचएमआरआई, पटना ने कहा कि ओवेरियन कैंसर महिलाओं में होने वाले प्रमुख कैंसरों में से एक है. इसकी सबसे बड़ी चुनौती यह है कि शुरुआती चरण में इसके लक्षण स्पष्ट नहीं होते. पेट फूलना, पेट या पेल्विस में दर्द, जल्दी पेट भरने का एहसास, भूख में कमी तथा बार-बार पेशाब आने जैसी समस्याओं को नजरअंदाज नहीं करना चाहिए. उन्होंने कहा कि समय पर जांच, सही निदान और आधुनिक उपचार पद्धतियों जैसे सर्जरी, कीमोथेरेपी एवं टार्गेटेड थेरेपी की मदद से मरीजों को बेहतर परिणाम मिल सकते हैं.

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Published by: Pritish Sahay

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