बिहारशरीफ : अपने राजगीर प्रवास के तीसरे दिन मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने भारतीय प्रशासनिक सेवा 2015 बैच के 20 अधिकारी प्रशिणार्थियों से मुलाकात की तथा उनके उज्ज्वल भविष्य की कामना की. सीएम ने प्रशिक्षु पदाधिकारियों को बिहार में सुशासन, कानून का राज्य, स्पीडी ट्रायल के साथ बिहार के शासन में कैसे बदलाव आया.
इसकी जानकारी दी. उन्होंने बताया कि बिहार में कानून का राज्य है और कानून का राज्य कायम रहेगा. भारतीय प्रशासनिक सेवा के प्रशिक्षु पदाधिकारियों को विश्व विख्यात शांत स्तूप, नालंदा खंडहर के इतिहास, पावापुरी का जल मंदिर का इतिहास, ब्रह्मकुंड व सप्त धारा से निकलने वाले गरम जल से स्नान का महत्व, आरआइसीसी एवं पांडु पोखर के महत्व की जानकारी दी.
सीएम ने आरटीपीएस,जीविका, धान अधिप्राप्ति, मुख्यमंत्री बालिका एवं बालक साइकिल योजना, पोशाक योजना, छात्रवृत्ति योजना व स्वयं सहायता समूह के बारे में विस्तृत जानकारी दी. मुख्य सचिव अंजनी कुमार सिंह एवं मुख्यमंत्री के सचिव चंचल कुमार ने भी प्रशिक्षु पदाधिकारियों को संबोधित किया.
इस अवसर पर मुख्य सचिव अंजनी कुमार सिंह, मुख्यमंत्री के सचिव चंचल कुमार, आतीश चंद्रा, विशेष कार्य पदाधिकारी गोपाल सिंह, डीएम डा. त्याग राजन एसएम के साथ भी भारतीय प्रशासनिक सेवा के 2015 बैच के प्रशिक्षु पदाधिकारियों में अस्तिमा लाल, बी फॉजिया तरन्नुय, डाॅ सुशीला, के लक्ष्मी प्रिया, लक्ष्मी भव्या तनेरू, नेहा, निधि गुप्ता, रोनिता रमैया, बाला जी डीके, धनश्याम मीणा, हर्ष लाल पंचोली, निशांत जैन, परमवीर सिंह, प्रभात मलिक, प्रशांत पवार, प्रशांत कुमार, राहुल हुडा, सैकांत वर्मा, विजय दयाराम के, विनय गौढ़ा आदि मौजूद थे.
