मामला बाढ़ राहत वितरण में फर्जीवाड़ा कर राशि का गबन
बिहारशरीफ : नूरसराय के सीओ सहित नदिऔना पंचायत के मुखिया,उपमुखिया व कई वार्ड सदस्यों पर प्राथमिकी दर्ज कराने का आदेश दिया गया है. जांच के दौरान बाढ़ राहत वितरण में नदिऔना पंचायत में बड़े पैमाने पर फर्जीवाड़ा कर सरकारी राशि के गबन के आरोप की पुष्टि के बाद डीएम बी कार्तिकेय ने उक्त आदेश दिया है.
डीएम श्री कार्तिकेय ने अंचलाधिकारी रणधीर लाल सहित अन्य दोषी पंचायत प्रतिनिधियों के खिलाफ स्थानीय थाने में एफआइआर दर्ज कराने का निर्देश सदर एसडीओ बिहारशरीफ को दिया है.
इसके अलावा आरोपित सीओ के विरुद्ध विभागीय कार्रवाई एवं पंचायत प्रतिनिधियों के विरुद्ध पदच्युत करने के लिए संबंधित विभाग से अनुशंसा की जायेगी. विदित हो कि जन शिकायत के आलोक में डीएम के निर्देश पर अपर समाहर्ता जगदीश प्रसाद सिंह के नेतृत्व में जिला स्तरीय पदाधिकारियों की चार टीम द्वारा नूरसराय अंचल के अंतर्गत नदिऔना पंचायत स्थित नदिऔना,अहियापुर,महादेव बिगहा एवं खरजमा गांव में बाढ़ राहत वितरण की जांच की गयी थी.
जांच के दौरान बड़ी संख्या में लाभुकों द्वारा राहत सामग्री व राशि प्राप्त करने से इनकार किया था तथा उनके फर्जी दस्तखत व टिप्पा बना कर राहत सामग्री की बंदरबांट करने की शिकायत की. सीओ के विरुद्ध राहत मद का करीब 22 लाख रुपया नियमों को ताक पर रख कर अपने खाते से मुखिया को हस्तांतरित करने का मामला प्रकाश में आया है.
जांच अधिकारी सह वरीय उप समाहर्ता अभय कुमार सिंह व जांच टीम में शामिल अन्य अधिकारियों ने अपने-अपने प्रतिवेदन में सीओ, मुखिया, उप मुखिया व संबंधित गांव के वार्ड सदस्यों के इस घोटाले में संलिप्त रहने का आरोप लगाते हुए उनके विरुद्ध कार्रवाई की अनुशंसा की थी.
