मुजफ्फरपुर से ललितांशु की रिपोर्ट
Muzaffarpur News: मुजफ्फरपुर स्थित बीआरए बिहार विश्वविद्यालय के छात्रों के लिए रोजगार और कौशल विकास के क्षेत्र में बड़ी खुशखबरी आई है. विश्वविद्यालय प्रशासन ने विद्यार्थियों को उद्योगों की मौजूदा जरूरतों के अनुरूप तैयार करने के लिए देश की प्रतिष्ठित आईटी कंपनी टीसीएस के साथ महत्वपूर्ण पहल की है. इस पहल से हजारों छात्रों को आधुनिक रोजगारोन्मुखी प्रशिक्षण का लाभ मिलेगा.
टीसीएस के साथ हुआ त्रिपक्षीय समझौता
विश्वविद्यालय प्रशासन, टीसीएस फाउंडेशन और कंपनी के बीच एक त्रिपक्षीय समझौते (एमओयू) को अंतिम रूप दे दिया गया है. इसके तहत टीसीएस अपने यूथ एम्प्लॉयमेंट प्रोग्राम के माध्यम से विश्वविद्यालय और इसके सभी 42 अंगीभूत कॉलेजों के छात्र-छात्राओं को विशेष प्रशिक्षण प्रदान करेगी.
निःशुल्क मिलेगी रोजगार आधारित ट्रेनिंग
कुलपति प्रो. दिनेश चंद्र राय ने बताया कि यह पूरा कार्यक्रम टीसीएस के कॉर्पोरेट सोशल रिस्पॉन्सिबिलिटी (सीएसआर) फंड के तहत संचालित किया जाएगा. छात्रों को इसके लिए किसी प्रकार का शुल्क नहीं देना होगा. उन्होंने कहा कि राष्ट्रीय शिक्षा नीति-2020 के अनुरूप यह पहल विद्यार्थियों को व्यावहारिक और रोजगारपरक शिक्षा से जोड़ने में मददगार साबित होगी.
स्किल गैप को कम करने पर रहेगा फोकस
विश्वविद्यालय प्लेसमेंट सेल के प्रमुख प्रो. ललन झा ने कहा कि इस प्रशिक्षण का मुख्य उद्देश्य छात्रों और उद्योग जगत की आवश्यकताओं के बीच मौजूद कौशल अंतर को कम करना है. प्रशिक्षण के जरिए विद्यार्थियों को वैश्विक कार्य संस्कृति, संचार कौशल और आधुनिक रोजगार बाजार की मांगों के अनुरूप तैयार किया जाएगा.
रोजगार के अवसर बढ़ने की उम्मीद
विश्वविद्यालय प्रशासन का मानना है कि इस पहल से छात्रों की रोजगार क्षमता में उल्लेखनीय वृद्धि होगी और उन्हें निजी क्षेत्र में बेहतर अवसर प्राप्त करने में मदद मिलेगी. कार्यक्रम को विश्वविद्यालय की बड़ी उपलब्धि माना जा रहा है.
