Muzaffarpur News: मुजफ्फरपुर के सिकंदरपुर थाना क्षेत्र स्थित सीढ़ी घाट पर रविवार दोपहर एक बेहद दर्दनाक हादसा सामने आया है. यहाँ नदी में नहाने के दौरान गहरे पानी में चले जाने से एक फाइनेंस कर्मी की डूबकर मौत हो गई. इस घटना के बाद घाट पर चीख-पुकार और अफरातफरी मच गई. हादसे की सूचना मिलने पर स्थानीय पुलिस तो तुरंत मौके पर पहुंच गई, लेकिन देर शाम तक एसडीआरएफ (SDRF) की टीम के नहीं पहुंचने से परिजनों और स्थानीय लोगों का गुस्सा फूट पड़ा. आक्रोशित लोगों ने प्रशासनिक लापरवाही को लेकर घाट पर जमकर हंगामा किया.
मृतक की पहचान जैतपुर थाना क्षेत्र के सुकुल बसरा गांव निवासी विकास कुमार (25 वर्ष) के रूप में हुई है. वह मिठनपुरा स्थित एक मोबाइल दुकान में बजाज फाइनेंस के कर्मी के रूप में कार्यरत था.
दोस्त को तो बचा लिया, लेकिन गहरे पानी में समा गया विकास
मिली जानकारी के अनुसार, विकास रविवार दोपहर करीब 2:30 बजे अपने एक दोस्त के साथ सीढ़ी घाट पर नहाने के लिए पहुंचा था. दोनों कपड़े उतारकर नदी में उतरे थे. इसी दौरान विकास का पैर फिसल गया और वह गहरे पानी में चला गया. उसे डूबता देख घाट पर मौजूद उसका दोस्त उसे बचाने के लिए नदी में कूदा, लेकिन वह भी तेज धारा में डूबने लगा. दोनों को डूबता देख आसपास के स्थानीय लोग शोर मचाते हुए दौड़े. लोगों ने तत्परता दिखाते हुए विकास के दोस्त को तो सुरक्षित बाहर निकाल लिया, लेकिन तब तक विकास गहरे पानी में लापता हो चुका था.
‘बोट चलाने के लिए तेल नहीं है’, यह सुनकर भड़के परिजन
हादसे की खबर मिलते ही विकास के परिजन और बड़ी संख्या में स्थानीय लोग घाट पर जमा हो गए. सूचना मिलने पर डायल-112 की पुलिस टीम भी मौके पर पहुंची और स्थिति का जायजा लेकर SDRF को सूचित किया. आरोप है कि देर शाम तक रेस्क्यू टीम मौके पर नहीं पहुंची, जिससे शव को ढूंढने में देरी हुई.
मृतक की मामी ने प्रशासनिक व्यवस्था पर गंभीर सवाल उठाते हुए आरोप लगाया कि जब उन्होंने टीम के न आने का कारण पूछा, तो उन्हें बताया गया कि बोट चलाने के लिए तेल उपलब्ध नहीं है. इस गैर-जिम्मेदाराना जवाब को सुनकर परिजनों का आक्रोश और ज्यादा बढ़ गया. मृतक के मामा निलेश कुमार ठाकुर ने बताया कि विकास घर से ड्यूटी के लिए निकला था, वह घाट पर कैसे पहुंचा इसकी उन्हें जानकारी नहीं है.
तीन महीने पहले ही हुई थी शादी, परिवार पर टूटा दुखों का पहाड़
विकास के परिवार पर दुखों का यह कोई पहला पहाड़ नहीं है, उसके पिता की मौत पहले ही एक सड़क दुर्घटना में हो चुकी है. पिता के जाने के बाद विकास ही परिवार का एकमात्र सहारा था. परिजनों ने रोते हुए बताया कि महज तीन महीने पहले ही विकास की शादी ज्योति कुमारी से हुई थी. ज्योति एक निजी कंपनी में बिलिंग का काम करती हैं. शादी के कुछ ही महीने बाद मांग का सिंदूर उजड़ जाने से ज्योति का रो-रोकर बुरा हाल है. सिकंदरपुर थाना पुलिस का कहना है कि एसडीआरएफ की टीम के पहुंचते ही नदी में सघन खोजबीन अभियान चलाया जाएगा. इस घटना के बाद पूरे इलाके में मातमी सन्नाटा पसरा हुआ है.
मुजफ्फपुर से सुमित कुमार की रिपोर्ट
