शूटर गोविंद शर्मा की हत्या मामले की जांच करेगी SIT, पूर्व मेयर हत्याकांड का था आरोपी

SIT Investigation: मुजफ्फरपुर में अपराधी गोविंद शर्मा की गोली मारकर हत्या कर दी गई. घटना के बाद इलाके में सनसनी फैल गई. पुलिस ने मामले की जांच के लिए एसआईटी बनाई है.

SIT Investigation: मुजफ्फरपुर में अपराधी गोविंद शर्मा की हत्या के बाद पुलिस महकमे में हलचल तेज हो गई है. मामले की गंभीरता को देखते हुए स्पेशल इन्वेस्टीगेशन टीम (SIT) का गठन किया गया है. मुजफ्फरपुर के वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक (SSP) कांतेश कुमार मिश्रा ने कहा है कि पुलिस तेजी से जांच कर रही है और जल्द ही पूरे मामले का खुलासा किया जाएगा.

आइकॉन टावर्स के पास हुई वारदात

पुलिस ने बताया कि रविवार रात नगर थाना क्षेत्र के अमर सिनेमा रोड स्थित आइकॉन टावर्स के पास अज्ञात बदमाशों ने गोविंद शर्मा पर ताबड़तोड़ गोलियां चला दीं. गोली लगने के बाद वह गंभीर रूप से घायल हो गया. स्थानीय लोगों ने उसे तुरंत अस्पताल पहुंचाया, लेकिन डॉक्टरों ने जांच के बाद उसे मृत घोषित कर दिया.

फ्लैट पहुंचने से पहले अपराधियों ने बरसाईं गोलियां

जानकारी के मुताबिक गोविंद शर्मा आइकॉन टावर्स के पास किराए के फ्लैट में रहता था. घटना के समय वह सड़क से अपने आवास की ओर जा रहा था. इसी दौरान पहले से घात लगाए बैठे अपराधियों ने उस पर लगातार फायरिंग शुरू कर दी. हमला इतना अचानक हुआ कि उसे संभलने का मौका तक नहीं मिला.

कई मामलों में था आरोपी

गोविंद शर्मा का नाम मुजफ्फरपुर के कई चर्चित आपराधिक मामलों में सामने आ चुका था. वह पूर्व मेयर समीर कुमार हत्याकांड और प्रॉपर्टी डीलर आशुतोष हत्याकांड का मुख्य आरोपी माना जाता था. पुलिस रिकॉर्ड के अनुसार उसके खिलाफ विभिन्न थानों में आधा दर्जन से अधिक मामले दर्ज हैं.

घटनास्थल से मिले कारतूस और खोखे

पुलिस टीम ने मौके से पांच जिंदा कारतूस और छह खोखे बरामद किए हैं. घटना की वैज्ञानिक जांच के लिए फॉरेंसिक साइंस लैब (एफएसएल) की टीम को भी बुलाया गया है. बरामद साक्ष्यों के आधार पर अपराधियों तक पहुंचने की कोशिश की जा रही है.

पुलिस सूत्रों के अनुसार गोविंद शर्मा कुछ दिन पहले ही जेल से बाहर आया था. उसके जेल से निकलने के बाद लगातार उसकी गतिविधियों पर नजर रखी जा रही थी. अब उसकी हत्या के बाद कई तरह की आशंकाएं सामने आ रही हैं.

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सीसीटीवी फुटेज खंगाल रही पुलिस

घटना के बाद पुलिस आसपास के इलाकों में लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज जुटाने में लगी है. जांच टीम यह पता लगाने की कोशिश कर रही है कि वारदात में कितने लोग शामिल थे और वे किस दिशा में फरार हुए.

पुलिस पुरानी रंजिश, आपसी दुश्मनी और गैंगवार के एंगल को भी ध्यान में रखकर पड़ताल कर रही है. अधिकारियों का मानना है कि हत्या के पीछे किसी पुराने विवाद या आपराधिक वर्चस्व की लड़ाई का कारण हो सकता है.

नगर थाना पुलिस ने बताया कि हत्या में शामिल लोगों की पहचान और गिरफ्तारी के लिए लगातार छापेमारी की जा रही है. पुलिस सभी संभावित पहलुओं की जांच कर रही है. अधिकारियों का दावा है कि जल्द ही इस हत्याकांड का खुलासा कर आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया जाएगा.

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Published by: Paritosh Shahi

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