मुजफ्फरपुर में एइएस से निपटने के लिए स्वास्थ्य विभाग मुस्तैद

Health department is ready to deal with AES

बच्चों को बचाने के लिए गुड़ का वितरण, चिकित्सकों की 24 घंटे ड्यूटी वरीय संवाददाता, मुजफ्फरपुर एइएस यानी चमकी बुखार से बच्चों को सुरक्षित रखने के लिए स्वास्थ्य विभाग ने कमर कस ली है. विभाग ने इस बीमारी से निपटने के लिए कई स्तरों पर तैयारियां की हैं. एइएस के नोडल पदाधिकारी डॉ. सुधीर कुमार ने बताया कि एइएस के मरीजों के इलाज के लिए डॉक्टरों की 24 घंटे ड्यूटी लगाई गई है. इसके साथ ही, आंगनबाड़ी केंद्रों पर बच्चों और उनकी माताओं को गुड़ वितरित किया जाएगा. डॉ. कुमार ने बताया कि माताओं के गुड़ खाने से बच्चों को भी इसका फायदा मिलेगा. स्वास्थ्य विभाग ने आशा कार्यकर्ताओं को भी एइएस किट उपलब्ध कराई है, ताकि वे जरूरत पड़ने पर मरीजों का प्राथमिक उपचार कर सकें. सभी स्वास्थ्य केंद्रों पर बच्चों को पौष्टिक आहार प्रदान किया जाएगा. इस बीच, पटना और दिल्ली एम्स से प्रशिक्षित 67 डॉक्टर और 76 नर्सों को मुजफ्फरपुर समेत पूरे राज्य में एइएस पर नजर रखने के लिए तैनात किया गया है. एसकेएमसीएच के अधीक्षक ने बताया कि अस्पताल के पीआईसीयू में एइएस के सभी प्रकार के जाँच की सुविधा उपलब्ध है. विभाग ने एइएस के बारे में जागरूकता बढ़ाने के लिए भी कई कदम उठाए हैं. इसके तहत, चिकित्सकों और एएनएम को विशेष प्रशिक्षण दिया जा रहा है. साथ ही, पंचायती राज के प्रतिनिधियों को भी इस बीमारी के बारे में जानकारी दी जा रही है, ताकि वे अपने-अपने क्षेत्रों में लोगों को जागरूक कर सकें.

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By Kumar Dipu

I am working as a senior reporter at Prabhat Khabar muzaffarpur. My writing focuses on health, political, social, and current topics.

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