मुजफ्फरपुर : बीआरए बिहार विश्वविद्यालय में अवैध तरीके से छात्राें के रजिस्ट्रेशन और परीक्षा का मामला अधिकारियों के गले की फांस बन सकता है. कई कॉलेजों में सरकार से मान्यता मिले बगैर ही नामांकन किया गया और उनका रजिस्ट्रेशन कर विश्वविद्यालय ने परीक्षा भी ले ली.
राजभवन के संज्ञान में मामला आने पर विवि को परीक्षा लेने से रोक दी गयी. इसके बाद करीब डेढ़ दर्जन कॉलेजों ने छात्रों के भविष्य का हवाला देकर हाईकोर्ट में याचिका दाखिल की और परीक्षा लेकर रिजल्ट देने का अनुरोध किया. कोर्ट के आदेश पर नामांकित छात्र-छात्राओं का कोर्स पूरा कराने की प्रक्रिया शुरू हो गयी है, लेकिन राजभवन ने दोषी अधिकारी व कर्मचारियों को चिह्नित करते हुए विश्वविद्यालय से रिपोर्ट मांगी है.
