जमालपुर (मुंगेर) से विजय कुमार गुप्ता की रिपोर्ट. ऑल इंडिया लोको रनिंग स्टाफ एसोसिएशन के बैनर तले अपनी 13 सूत्री मांगों के समर्थन में शुक्रवार को जमालपुर क्रू लॉबी के समक्ष रेलवे लोको पायलटों ने एक दिवसीय धरना दिया. शाखा सचिव प्रेम प्रकाश के नेतृत्व में आयोजित इस प्रदर्शन के दौरान रेल ड्राइवरों ने प्रशासन के खिलाफ जमकर नारेबाजी की और अपनी समस्याओं को रखा.
‘इंसान नहीं, मशीन समझा जा रहा है’
धरने को संबोधित करते हुए प्रेम प्रकाश ने कहा कि मुख्यालय के आदेश पर यह ‘मुंडी गरम’ प्रदर्शन किया जा रहा है. उन्होंने आरोप लगाया कि लोको पायलट और असिस्टेंट लोको पायलट को इंसान नहीं, बल्कि मशीन समझकर उनका मानसिक, आर्थिक और शारीरिक शोषण किया जा रहा है.
लोको पायलटों की प्रमुख शिकायतें और मांगें:
प्रदर्शनकारियों ने रेलवे प्रशासन के सामने कई गंभीर मुद्दे उठाए:
- ड्यूटी के घंटे: 8 घंटे की ड्यूटी पूरी होने के बाद भी ड्राइवरों को जबरन कार्य करने के लिए धमकाया जाता है.
- आराम का अधिकार: नियमों के अनुसार 16 घंटे हेड क्वार्टर रेस्ट और 8 घंटे आउट स्टेशन रेस्ट देने के बजाय उन्हें ‘अंडर रेस्ट’ ही कॉल बुक कर दिया जाता है.
- भीषण गर्मी में प्रताड़ना: रनिंग स्टाफ 54 डिग्री सेंटीग्रेड की भीषण गर्मी में काम कर रहा है, जबकि कंट्रोलर एसी रूम में बैठकर गलत आदेश देते हैं. मुख्यालय पहुंचने पर उन्हें बाईपास करने के लिए दबाव बनाया जाता है.
- सुरक्षा और दंड: सुरक्षा नियमों का पालन करने पर भी चार्जशीट और पनिशमेंट (दंड) की धमकी दी जाती है.
- छुट्टी की समस्या: असहनीय काम के बावजूद परिवार के लिए छुट्टी मांगने पर कर्मियों को जलील होना पड़ता है और अक्सर छुट्टी नहीं मिलती.
- वेतन विसंगति: खून-पसीने की कमाई को किरानी या कार्यालय अधीक्षक द्वारा मनमाने ढंग से काट लिया जाता है, जिससे न्यूनतम वेतन तक नहीं मिल पाता.
दमनकारी नीति के खिलाफ आंदोलन की चेतावनी
नेताओं ने कहा कि जायज मांगों को सुनने के बजाय विभाग दमन और प्रताड़ना का रास्ता अपना रहा है. उन्होंने चेतावनी दी कि यदि विभाग ने इन मांगों पर जल्द कार्रवाई नहीं की, तो आने वाले दिनों में आंदोलन को और तेज किया जाएगा. इस मौके पर अभिषेक कुमार, रंजीत कुमार, राजीव रंजन, विजय कुमार, विवेकानंद कुमार और प्रभात ज्योति सहित बड़ी संख्या में रनिंग स्टाफ उपस्थित थे.
