पंच कुंडीय यज्ञ में श्रद्धालुओं ने दी आहूति, ऋषि के संदेश को किया आत्मसात

गायत्री मंत्र के गुरु दीक्षा के संस्कार, नामाकरण संस्कार और विद्यारंभ संस्कार भी संपन्न कराए गए. यज्ञ से उत्पन्न दिव्य ऊर्जा को पर्यावरण, शिक्षा, स्वास्थ्य, व्यसन मुक्ति की दिशा में रचनात्मक कार्यक्रम के लिए नियोजित किया जाएगा.

जमालपुर गायत्री शक्तिपीठ, भागीचक के संयोजन में हसनगंज स्थित शिवालय में रविवार को एक दिवसीय पंच कुंडीय गायत्री यज्ञ में 210 श्रद्धालुओं ने अपनी आहुतियां अर्पित करते हुए ऋषि संदेश को आत्मसात किया. इस अवसर पर उपस्थित उपजोन प्रतिनिधि मनोज मिश्र ने बताया कि सामूहिक यज्ञ से वायुमंडल में व्याप्त प्रदूषण से उपजे अवसाद, व्याधि, तामसिकता, संवेदनहीनता जैसे संकटों के निवारण की क्षमता है. जबकि गायत्री की उपासना और ऋषियों की संस्कार परंपरा से श्रेष्ठ मनुष्यता के निर्माण का मार्ग प्रशस्त होता है. ब्रह्मवादिनी बॉबी देवी और रूबी देवी द्वारा वैदिक ऋचाओं के सस्वर पाठ के साथ शांति और सर्व कल्याण के उद्देश्य से विशेष पूजन और यज्ञ संपन्न कराया गया. गायत्री मंत्र के गुरु दीक्षा के संस्कार, नामाकरण संस्कार और विद्यारंभ संस्कार भी संपन्न कराए गए. यज्ञ से उत्पन्न दिव्य ऊर्जा को पर्यावरण, शिक्षा, स्वास्थ्य, व्यसन मुक्ति की दिशा में रचनात्मक कार्यक्रम के लिए नियोजित किया जाएगा. ट्रस्टी डॉ राजेश ने बताया कि विभिन्न स्थानों पर यज्ञों की श्रृंखलाएं चलाई जा रही है, जिसके द्वारा समाज में आस्तिकता का संवर्धन, संस्कार शाला के निर्माण का कार्य किया जाएगा. उन्होंने बताया कि 24 जून को गायत्री शक्तिपीठ भागीकचक में गायत्री जयंती, गंगा दशहरा और गुरुदेव का महापर्याण दिवस मनाया जाएगा. इस यज्ञ में सुषमा देवी, ट्रस्टी अरुण कुमार साह, जयप्रकाश मंडल, अमेरिका देवी, सुषमा शर्मा, सुनीता देवी, दीपक कुमार सहित अन्य श्रद्धालु मौजूद थे.

प्रभात खबर डिजिटल प्रीमियम स्टोरी

लेखक के बारे में

Author: ANAND KUMAR

Digital Media Journalist having more than 2 years of experience in life & Style beat with a good eye for writing across various domains, such as tech and auto beat.

Read More

संबंधित खबरें >

यह भी पढ़ें >