क्या 88 वर्ष पुरानी एससीआरए परीक्षा अब नहीं करायेगा रेलवे फोटो संख्या : 16फोटो कैप्सन : इरिमी प्रतिनिधि , जमालपुरयूपीएससी द्वारा चयनित करीब तीस उम्मीदवारों को जमालपुर स्थित इंडियन रेलवे इंस्टीच्यूट ऑफ मेकेनिकल एंड इलेक्ट्रिकल इंजीनियरिंग (इरिमी) में ग्रेजुएट की पढ़ाई अब नहीं हो पायेगी. यहां प्राप्त जानकारी के अनुसार रेलवे ने 88 वर्ष पुरानी स्पेशल क्लास रेलवे अप्रेंटिश परीक्षा नहीं कराने का निर्णय लिया है. जिसके नोटिफिकेशन जारी करने की प्रक्रिया चल रही है.प्राप्त जानकारी के अनुसार संघ लोक सेवा आयोग ने इससे पहले रेल मंत्रालय से कहा था कि वह एससीआरए की परीक्षा कराने को इच्छुक नहीं है. साथ ही उसने रेलवे से इस परीक्षा के आयोजन के औचित्य भी पूछा था. प्राप्त जानकारी में बताया गया है कि आयोग के सचिव आशिम खुराना ने इसी वर्ष जुलाई महीने में रेलवे बोर्ड के सदस्य (कर्मचारी) प्रदीप कुमार को पत्र भेज कर रेलवे से इस परीक्षा की निरंतरता के लिए पूर्ण एवं उपयुक्त औचित्य बताने को कहा था. आयोग ने कहा था कि चंद उम्मीदवारों के लिए अलग से परीक्षा आयोजित करना अनावश्यक है. बताया जाता है कि रेलवे ने इसके विभिन्न पहलुओं पर विचार कर इसे बंद करने का फैसला कर लिया है और इसके नोटिफिकेशन की प्रक्रिया जारी है. उल्लेखनीय है कि एससीआरए में प्रवेश के लिए देश के लाखों युवक व युवतियां ललायित रहती है. बताया जाता है कि भौतिकी, रसायन और गणित की अच्छी जानकारी आइआइटी में प्रवेश के लिए आवश्यक होती है. परंतु एससीआरए में तो इन तीनों विषयों के साथ ही अंगरेजी आइक्यू के साथ जनरल स्टडी की बेहतर जानकारी भी जरूरी हो जाता है. यही कारण है कि यूपीएससी द्वारा आयोजित वर्ष 2009 के एससीआरए की लिखित परीक्षा में देश के लगभग 2 लाख प्रतिभावान +2 छात्र-छात्राओं ने हिस्सा लिया था. परंतु मात्र 289 ही क्वालिफाइ कर पाये थे. उनमें भी मात्र 44 सफल हो पाये. जिनमें 25 ने जमालपुर इरिमी में मेकनिकल एवं इलेक्ट्रिकल इंजीनियरिंग की पढ़ाई इस वर्ष पूरी की है.
क्या 88 वर्ष पुरानी एससीआरए परीक्षा अब नहीं करायेगा रेलवे
क्या 88 वर्ष पुरानी एससीआरए परीक्षा अब नहीं करायेगा रेलवे फोटो संख्या : 16फोटो कैप्सन : इरिमी प्रतिनिधि , जमालपुरयूपीएससी द्वारा चयनित करीब तीस उम्मीदवारों को जमालपुर स्थित इंडियन रेलवे इंस्टीच्यूट ऑफ मेकेनिकल एंड इलेक्ट्रिकल इंजीनियरिंग (इरिमी) में ग्रेजुएट की पढ़ाई अब नहीं हो पायेगी. यहां प्राप्त जानकारी के अनुसार रेलवे ने 88 वर्ष पुरानी […]
