Panchayat Bhavan Irregularities: सदर प्रखंड की गोढवा पंचायत में निर्माणाधीन पंचायत सरकार भवन के निर्माण में मानकों की अनदेखी और भारी गड़बड़ी का मामला सामने आया है. मुखिया राजू बैठा की लिखित शिकायत पर जिलाधिकारी के आदेश से गठित तीन सदस्यीय जांच समिति ने स्थल निरीक्षण कर अपनी रिपोर्ट सौंप दी है. जांच रिपोर्ट में निर्माण कार्य में कई गंभीर कमियां और तकनीकी खामियां पाई गई हैं.
जांच रिपोर्ट में सामने आईं प्रमुख कमियां
जांच समिति द्वारा स्थल पर किए गए निरीक्षण में प्राक्कलन और मानकों की धज्जियां उड़ती पाई गईं:
- मानक के विपरीत शटरिंग: ढलाई के लिए निर्धारित प्रॉप जैक की जगह घटिया बांस-बल्ले का धड़ल्ले से इस्तेमाल पाया गया.
- माप व स्ट्रक्चर में गड़बड़ी: दरवाजों की ओपनिंग निर्धारित स्पेसिफिकेशन से कम मिली, जबकि सीढ़ी के ट्रेड की माप भी प्राक्कलन के अनुरूप नहीं थी.
- फ्लोरिंग व सामग्री की अनदेखी: फ्लोरिंग का कार्य अधूरा था और कई स्थानों पर ईंट फ्लैट सोलिंग मिली.
- जांच रिपोर्ट गायब: निर्माण में प्रयुक्त फ्लाई ऐश ईंट और कंक्रीट की आवश्यक लैब टेस्ट रिपोर्ट उपलब्ध नहीं कराई गई.
कनीय व सहायक अभियंताओं पर विभागीय कार्रवाई का निर्देश
जांच समिति ने शटरिंग में मानक के विपरीत घटिया सामग्री के इस्तेमाल के लिए कार्यपालक एजेंसी, भवन निर्माण विभाग और संवेदक को पूरी तरह जिम्मेदार माना है.
जिला पंचायत राज पदाधिकारी (DPRO) ने कार्य में गुणवत्ता बनाए रखने में विफल रहने वाले कनीय अभियंता (JE) और सहायक अभियंता (AE) के विरुद्ध विभागीय कार्रवाई शुरू करने का निर्देश दिया है. इसके साथ ही तत्कालीन कार्यपालक अभियंता पर भी गाज गिरनी तय मानी जा रही है.
मुखिया का बयान: गोढवा पंचायत के मुखिया राजू बैठा ने स्पष्ट किया कि पंचायत सरकार भवन जनहित से जुड़ी योजना है. इसमें घटिया निर्माण और गुणवत्ता से समझौता किसी कीमत पर स्वीकार नहीं होगा. दोषियों पर सख्त कार्रवाई करते हुए मानक के अनुरूप निर्माण पूरा कराया जाए.
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