Motihari: सीपीआर से जान बचाने की तीन गुना बढ़ जाती है संभावना : डॉ सत्यार्थी

राज्य स्वास्थ्य विभाग के निर्देश के आलोक में सीपीआर जागरूकता सप्ताह शुक्रवार को संपन्न हुआ.

Motihari: मोतिहारी. राज्य स्वास्थ्य विभाग के निर्देश के आलोक में सीपीआर जागरूकता सप्ताह शुक्रवार को संपन्न हुआ. इस मुहिम के तहत जिले के सदर अस्पताल, जीएनएम, एएनएम स्कूल व अन्य शिक्षण संस्थानों में मेडिकल स्टाफ व छात्र-छात्राओं को सीपीआर का प्रशिक्षण दिया गया. जिसमें आमलोगों को आपातकालीन स्थिति में कार्डियो पल्मोनरी रिससिटेशन (सीपीआर) की प्रक्रिया सिखाना गया. ताकि आकस्मिक हृदयगति रुकने जैसी स्थिति में किसी की जान बचायी जा सके. इस प्रशिक्षण के क्रम में जिले के सभी एंबुलेंस कर्मियों को सीपीआर की ट्रेनिंग दी गयी. साथ ही अस्पतालों, स्कूलों, कॉलेजों और सामुदायिक केंद्रों में विशेष प्रशिक्षण सत्र आयोजित किया गया. सदर अस्पताल एएनएम स्कूल में डॉ राहुल राज के द्वारा छात्राओं को सीपीआर का प्रशिक्षण दिया गया. सदर अस्पताल प्रबंधक कौशल कुमार दुबे ने बताया कि सीपीआर जागरूकता सप्ताह के तहत मेडिकल स्टाफ सहित अन्य कर्मियों को बेसिक लाइफ सपोर्ट का प्रशिक्षण दिया गया है. सदर अस्पताल डीएस डॉ एसएन सत्यार्थी ने कहा कि सरकार के इस मुहिम का मुख्य उद्देश्य है कि हर कर्मचारी आपातकालीन स्थिति में तुरंत और प्रभावी ढंग से प्रतिक्रिया दे सके. कहा कि सीपीआर के बारे में यह बात अच्छी तरह से जानी जाती है कि यह जान बचाने की संभावना को दो से तीन गुना बढ़ा देता है. इसलिए, पेशेवर मदद पहुंचने से पहले तुरंत सीपीआर देना बहुत महत्वपूर्ण है.

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