Madhubani Sadar Hospital: मधुबनी जिले में स्वास्थ्य व्यवस्था को मजबूत करने और नवजातों व बच्चों को स्थानीय स्तर पर बेहतर इलाज उपलब्ध कराने के लिए स्वास्थ्य विभाग ने कई अस्पतालों में नए चिकित्सकों की तैनाती की है. जारी अधिसूचना के अनुसार, सदर अस्पताल, अनुमंडलीय अस्पताल और ट्रॉमा सेंटर में डॉक्टरों को पदस्थापित किया गया है. नयी तैनाती में बच्चों के इलाज और शिशु मृत्यु दर कम करने के उद्देश्य से शिशु रोग विशेषज्ञों पर विशेष ध्यान दिया गया है.
सदर अस्पताल को मिले दो शिशु रोग विशेषज्ञ
सदर अस्पताल में दो शिशु रोग विशेषज्ञों की तैनाती की गयी है. इससे बच्चों के इलाज की व्यवस्था और बेहतर होने की उम्मीद है. डॉ. गजाला नौशबा को सदर अस्पताल में बच्चों के ओपीडी और एसएनसीयू वार्ड की जिम्मेदारी दी गयी है. वहीं डॉ. मो. नेयाजुद्दीन को भी शिशु रोग विशेषज्ञ के रूप में सदर अस्पताल में पदस्थापित किया गया है.
नये चिकित्सकों की तैनाती से अस्पताल की शिशु चिकित्सा सेवाओं को और प्रभावी बनाने में मदद मिलेगी.
सामान्य चिकित्सा और एनेस्थेटिस्ट की भी तैनाती
सदर अस्पताल में शिशु रोग विशेषज्ञों के अलावा सामान्य चिकित्सा और एनेस्थीसिया सेवाओं के लिए भी चिकित्सकों की तैनाती की गयी है.
डॉ. प्रभात रंजन को सामान्य चिकित्सा पदाधिकारी और डॉ. मनीष कुमार को एनेस्थेटिस्ट के रूप में सदर अस्पताल में पदस्थापित किया गया है. इससे ऑपरेशन थिएटर की सेवाओं को भी बेहतर बनाने में मदद मिलेगी.
अररिया संग्राम ट्रॉमा सेंटर में सर्जन की तैनाती
एनएच के समीप स्थित होने के कारण अररिया संग्राम ट्रॉमा सेंटर में दुर्घटना में घायल मरीजों को त्वरित इलाज उपलब्ध कराने पर विशेष जोर दिया गया है.
ट्रॉमा सेंटर में डॉ. कुमार शरत चंद्र चंदन को जनरल सर्जन के रूप में पदस्थापित किया गया है. वहीं डॉ. सुमित केशरी को सामान्य चिकित्सा पदाधिकारी के रूप में तैनात किया गया है.
जयनगर और रहिका में भी नए डॉक्टर
स्वास्थ्य विभाग की अधिसूचना के अनुसार, डॉ. कामिल शाहनवाज को अनुमंडलीय अस्पताल जयनगर में दंत चिकित्सक के रूप में जिम्मेदारी दी गयी है. वहीं डॉ. सुधाकर मिश्रा को प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र रहिका में सामान्य चिकित्सा पदाधिकारी के रूप में पदस्थापित किया गया है.
विभाग ने सभी नव नियुक्त चिकित्सकों को तत्काल अपने-अपने कार्यस्थल पर योगदान देने का निर्देश दिया है. नयी तैनाती से जिले में मरीजों को स्थानीय स्तर पर बेहतर स्वास्थ्य सेवाएं मिलने की उम्मीद है.
