Chirag Paswan: LJP के दो नेताओं की संदिग्ध मौत से हड़कंप, इस वजह से जान जाने की आशंका

Chirag Paswan: चिराग पासवान की लोक जनशक्ति पार्टी (रामविलास) के दो नेताओं की संदिग्ध मौत से मधुबनी जिले में हड़कंप मच गया है.

Chirag Paswan: बिहार के मधुबनी जिले में लोजपा (रा) के दो पदाधिकारी रहस्यमय परिस्थितियों में मृत पाए गए हैं. दोनों की पहचान लोजपा (रा) के जिला मीडिया प्रभारी अमरजीत यादव और प्रखंड अध्यक्ष ललितेश्वर पासवान के रूप में हुई है. अमरजीत और ललितेश्वर दोनों मधुबनी के बिस्फी थाना क्षेत्र के मोहनपुर गांव के निवासी थे. बताया जा रहा है कि अमरजीत की मौत घर में सोते समय हो गई, जबकि ललितेश्वर ने अस्पताल ले जाते समय दम तोड़ दिया.

पत्नी क्या बोली

ललितेश्वर पासवान की पत्नी दुर्गा देवी ने कहा कि मौत से पहले उन्होंने शराब पी थी. दुर्गा देवी के मुताबिक ललितेश्वर शराब पीकर घर आए और बीमार होने लगे. इसके बाद उन्हें इलाज के लिए दरभंगा ले जाया गया. लेकिन रास्ते में उनकी मौत हो गई. दोनों के शवों को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया गया है और मौत के कारणों की जांच शुरू कर दी गई है. मामले को लेकर अधिकारी अविनाश कुमार ने बताया कि जब तक पोस्टमार्टम रिपोर्ट नहीं आ जाती, मौत के कारण की पुष्टि नहीं की जाएगी.

पुलिस क्या बोली

लोजपा (रा) के जिलाध्यक्ष आदित्य नंदन झा ने पत्रकारों को बताया कि ललितेश्वर पासवान और अमरजीत यादव का निधन हुआ है. मौत की वजह क्या है पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद ही पता चल पाएगा. बेनीपट्टी के एसडीपीओ निशिकांत भारती ने कहा कि बिना रिपोर्ट के जहरीली शराब की पुष्टि नहीं की जा सकती है. उन्होंने कहा कि अगर रिपोर्ट में परिजनों की बात सही पाई जाएगी तो हम आगे की कार्रवाई करेंगे.

बताया जा रहा है कि अमरजीत यादव एक नर्सिंग होम चलाते थे. उन्हीं के नर्सिंग होम में काम करने वाले एक कर्मचारी जब उनको उठाने गए तो अमरजीत संदिग्ध अवस्था में मृत पड़े थे. ललितेश्वर पासवान और अमरजीत की मौत के बाद पार्टी में हडकंप मच गया है. हालांकि, दोनों के परिजनों ने शराब पीने की बात स्वीकार की है.

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Author: Paritosh Shahi

परितोष शाही पिछले 4 वर्षों से डिजिटल मीडिया और पत्रकारिता में सक्रिय हैं. उन्होंने अपने करियर की शुरुआत राजस्थान पत्रिका से की और वर्तमान में प्रभात खबर डिजिटल की बिहार टीम का हिस्सा हैं. राजनीति, सिनेमा और खेल, विशेषकर क्रिकेट में उनकी गहरी रुचि है. जटिल खबरों को सरल भाषा में पाठकों तक पहुंचाना और बदलते न्यूज माहौल में तेजी से काम करना उनकी विशेषता है. परितोष शाही ने पत्रकारिता की पढ़ाई बनारस हिंदू यूनिवर्सिटी (BHU) से की. पढ़ाई के दौरान ही पत्रकारिता की बारीकियों को समझना शुरू कर दिया था. खबरों को देखने, समझने और लोगों तक सही तरीके से पहुंचाने की सोच ने शुरुआत से ही इस क्षेत्र की ओर आकर्षित किया. पत्रकारिता में करियर की पहली बड़ी शुरुआत बिहार विधानसभा चुनाव 2020 के दौरान हुई, जब उन्होंने जन की बात के साथ इंटर्नशिप की. इस दौरान बिहार के 26 जिलों में जाकर सर्वे किया. यह अनुभव काफी खास रहा, क्योंकि यहां जमीनी स्तर पर राजनीति, जनता के मुद्दों और चुनावी माहौल को बहुत करीब से समझा. इसी अनुभव ने राजनीतिक समझ को और मजबूत बनाया. इसके बाद राजस्थान पत्रिका में 3 महीने की इंटर्नशिप की. यहां खबर लिखने की असली दुनिया को करीब से जाना. महज एक महीने के अंदर ही रियल टाइम न्यूज लिखने लगे. इस दौरान सीखा कि तेजी के साथ-साथ खबर की सटीकता कितनी जरूरी होती है. राजस्थान पत्रिका ने उनके अंदर एक मजबूत डिजिटल पत्रकार की नींव रखी. पत्रकारिता के सफर में आगे बढ़ते हुए पटना के जनता जंक्शन न्यूज पोर्टल में वीडियो प्रोड्यूसर के रूप में भी काम किया. यहां कैमरे के सामने बोलना, प्रेजेंटेशन देना और वीडियो कंटेंट की बारीकियां सीखीं. करीब 6 महीने के इस अनुभव ने कैमरा फ्रेंडली बनाया और ऑन-स्क्रीन प्रेजेंस को मजबूत किया. 1 अप्रैल 2023 को राजस्थान पत्रिका को प्रोफेशनल तौर पर ज्वाइन किया. यहां 17 महीने में कई बड़े चुनावी कवरेज में अहम भूमिका निभाई. लोकसभा चुनाव 2024 में नेशनल टीम के साथ जिम्मेदारी संभालने का मौका मिला. इसके अलावा मध्य प्रदेश, राजस्थान और छत्तीसगढ़ विधानसभा चुनाव के दौरान भी स्टेट टीम के साथ मिलकर काम किया. इस दौरान चुनावी रणनीति, राजनीतिक घटनाक्रम और बड़े मुद्दों पर काम करने का व्यापक अनुभव मिला. फिलहाल परितोष शाही प्रभात खबर डिजिटल बिहार टीम के साथ जुड़े हुए हैं. यहां बिहार विधानसभा चुनाव के दौरान कई बड़ी खबरों को रियल टाइम में ब्रेक किया, ग्राउंड से जुड़े मुद्दों पर खबरें लिखीं और वीडियो भी बनाए. बिहार चुनाव के दौरान कई जिलों में गांव- गांव घूम कर लोगों की समस्या को जाना-समझा और उनके मुद्दे को जन प्रतिनिधियों तक पहुंचाया. उनकी कोशिश हमेशा यही रहती है कि पाठकों और दर्शकों तक सबसे पहले, सही और असरदार खबर पहुंचे. पत्रकारिता में लक्ष्य लगातार सीखते रहना, खुद को बेहतर बनाना और भरोसेमंद पत्रकार के रूप में अपनी पहचान मजबूत करना है.

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