रोशनी की व्यवस्था करने में नप िवफल
मधुबनी : कहते है कि उम्मीद पर दुनिया टिकी है. पर शहर के लोग नगर परिषद से विकास की उम्मीद भी छोड़ दिये है. दरअसल शहर में नागरिकों को रोशनी, पानी, सड़क जैसी मूल-भूत सुविधाओं मुहैया कराने की जिम्मेवारी नगर परिषद की होती है. सड़क व पानी की व्यवस्था कराने में नगर परिषद कुछ हद तक सफल रही है. पर रोशनी की व्यवस्था करने में नगर परिषद विफल साबित हो रही. कहने को तो शहर में छह सौ से अधिक वेपर लाइट तथा एक सौ स्ट्रीट लाइट लगे है.
इसके बावजूद शहर में दुधिया रोशनी के बजाय रात के अंधरे जैसा नजारा रहता है. बताया जा रहा है कि ढ़ाई साल पहले शहर में 100 स्ट्रीट लाइट लगाये गये थे. उसमें से भी अधिकतर बंद पड़े हैं. योजना बनी थी कि साल भर के अंदर पूरे शहर के मुख्य सड़क के किनारे 300 स्ट्रीट लाइट लगाये जाएंगे तथा मुख्य सड़कों के बिजली पोल पर लगे वेपर लाइट मुहल्ला में शिफ्ट कर दिया जाएगा. आलम यह है कि ना ही स्ट्रीट लाइट लगे और ना ही वेपर लाइट शिफ्ट हुए. शहर वासी रोशनी की उम्मीद छोड़ दिए.
आधे से अधिक लाइट खराब. शहर में मुख्य सड़क के किनारे 100 स्ट्रीट लाईट तथा 600 से अधिक वेपर लाईट लगे हैं. पर इसमें से आधे से अधिक स्ट्रीट व वेपर लाईट बंद पड़े हैं. हालांकि नगर परिषद का दावा है कि समय समय पर वेपर लाईट ठीक कराया जा रहा है. बावजूद इसके शहर अंधेरा में डूबा रहता है. इसके नाम पर समय समय पर राशि खर्च की जा रही है.
स्ट्रीट लाइट लगाने की योजना.
ढ़ाई से पहले शहर में तीन सौ स्ट्रीट लाईट लगाने की योजना बनी थी. जिसे नप बोर्ड की बैठक में सदस्यों ने मुहर लगा दी थी. यह शहर के मुख्य मार्गो के किनारे लगाया जाना था. इसके लिए रूट चार्ट भी तैयार कर ली गयी थी. यह शहर के कोतवाली चौक से थाना मोड़ होते हुए रेलवे स्टेशन, रेलवे स्टेशन से शंकर चौक, शंकर चौक से लहेरियागंज, शंकर चौक से बाटा चौक होते हुए कदम चौक तथा 13 न. गुमटी से चभच्चा चौक तक लगाए जाने का प्रस्ताव था. पर इसमें से मात्र कोतवाली चौक से स्टेशन चौक तक ही करीब 100 स्ट्रीट लाईट लगे. यह लगाये हुए करीब ढाइ साल का समय बीत गया. पर इसके बाद विभाग ने चुप्पी साध ली. आलम यह है कि करीब दो सौ स्ट्रीट लाइट अब तक नहीं लग सका है.
एक सप्ताह में ठीक कराने की होगी व्यवस्था
तकनीकी रूप से खराबी के कारण कुछ वेपर लाइट व स्ट्रीट लाइट बंद पड़े हैं. समय समय पर इसे ठीक कराया जाता है. नये स्ट्रीट लाइट व वेपर लाइट लगाने की योजना है. उन्होंने कहा कि प्रत्येक वार्ड का सर्वेक्षण कराकर बंद पड़े वेपर लाईट को चिन्हित किया जा रहा है. एक सप्ताह के अंदर इसे ठीक कराने की प्रक्रिया शुरू की जाएगी.
खालिद अनवर, मुख्य पार्षद, नगर परिषद
