फोन पर युवती से बातचीत को लेकर तनाव की आशंका,
जांच में जुटी पुलिस
मुरलीगंज.
मुरलीगंज-बिहारीगंज मुख्य सड़क पर स्थित ‘श्री बालाजी धर्मकांटा’ में गुरुवार की रात एक युवक का शव फंदे से लटका मिलने से इलाके में सनसनी फैल गयी. मृतक की पहचान भेलाही गांव निवासी अजय यादव के 22 वर्षीय पुत्र रोशन कुमार के रूप में की गयी है, जो धर्मकांटा पर मुंशी के रूप में कार्यरत था. परिजनों के अनुसार, रौशन का बड़ा भाई पुष्पक कुमार रोजगार के सिलसिले में बाहर रहता है. उसकी अनुपस्थिति में रौशन पिछले करीब नौ महीनों से धर्मकांटा का काम संभाल रहा था. उसके साथ उसका ममेरा भाई निपुण भी वहीं रहकर पढ़ाई करता था.निपुण ने बताया कि गुरुवार की रात करीब आठ बजे दोनों ने साथ बैठकर खाना खाया, इसके बाद रौशन छत पर चला गया, जबकि वह नीचे पढ़ाई करने लगा. काफी देर तक रौशन के वापस नहीं आने पर जब निपुण उसे बुलाने छत पर पहुंचा, तो वहां का दृश्य देखकर उसके होश उड़ गये. रौशन का शव फंदे से लटका हुआ था.घटना का एक अहम पहलू यह भी सामने आया है कि मौके पर रखी कुर्सी पर रौशन का मोबाइल फोन पड़ा था, इस पर लगातार एक युवती का कॉल आ रहा था. परिजनों का कहना है कि बीते करीब 15 दिनों से रौशन किसी लड़की से घंटों फोन पर बातचीत करता था. आशंका जताई जा रही है कि आपसी अनबन या मानसिक तनाव के चलते उसने यह आत्मघाती कदम उठाया. घटना की सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंची, लेकिन उससे पहले ही परिजनों ने शव को फंदे से नीचे उतार दिया था. इस दौरान साक्ष्यों के साथ अनजाने में हुई छेड़छाड़ को लेकर पुलिस ने परिजनों को फटकार भी लगायी.
पुलिस ने मृतक व उसके ममेरे भाई निपुण के मोबाइल फोन जब्त कर लिये हैं और कॉल रिकॉर्ड व अन्य तकनीकी साक्ष्यों के आधार पर मामले की गहरायी से जांच की जा रही है. थानाध्यक्ष नूरुल हक ने बताया कि फॉरेंसिक टीम से घटनास्थल की जांच करायी गयी है. प्रथम दृष्टया मामला आत्महत्या का प्रतीत हो रहा है. हालांकि, पोस्टमार्टम रिपोर्ट एवं वैज्ञानिक जांच के बाद ही मौत के वास्तविक कारणों की पुष्टि हो सकेगी.