दो माह से खराब पड़ा है नक्शा निकालने वाला प्लॉटर मशीन

उदाकिशुनगंज : उदाकिशुनगंज अंचल कार्यालय स्थित आरटीपीएस काउंटर स्थित प्लॉटर मशीन बीते दो माह से खराब पड़ा है. इसका खामियाजा आमलोगों को भुगतना पड़ रहा है. इस आधुनिक मशीन के जरिये आवेदकों को मिनटों में बड़ा सा पेपर पर जमीन का प्रिंटेड नक्शा प्राप्त होता था, जो कि फिलवक्त नहीं हो रहा है. इस मशीन […]

उदाकिशुनगंज : उदाकिशुनगंज अंचल कार्यालय स्थित आरटीपीएस काउंटर स्थित प्लॉटर मशीन बीते दो माह से खराब पड़ा है. इसका खामियाजा आमलोगों को भुगतना पड़ रहा है. इस आधुनिक मशीन के जरिये आवेदकों को मिनटों में बड़ा सा पेपर पर जमीन का प्रिंटेड नक्शा प्राप्त होता था, जो कि फिलवक्त नहीं हो रहा है.

इस मशीन के खराब रहने से हर दिन 5-10 लोग इस काउंटर पर आकर निराश हो लौटने को मजबूर है. वही विभाग को रेवेन्यू का भी नुकसान उठाना पड़ रहा है. मशीन खराब होने से पहले तक इस मशीन के जरिए रेवेन्यू विभाग को हजारों की आमदनी प्राप्त होती थी. बावजूद इस मशीन को समय से ठीक कराने में अधिकारियों की दिलचस्पी नहीं दिखाई दे रही है.
आरटीपीएस काउंटर के आइटी सहायक ने बताया कि इस प्लॉटर मशीन को ठीक कराने के लिए विभाग को पत्राचार हुआ है. उन्होंने कहा कि आधुनिक यह मशीन का पार्ट-पूर्जा से लेकर इसमें इस्तेमाल होने वाला पेपर भी महंगा होता है. जो कि पटना में ही उपलब्ध हो पाता है.
प्रति नक्शा लगता है 150 रुपये
जमीन का नक्शा लेने के लिए पहुंचे आवेदनकर्ता को पहले रसीद कटानी पड़ती है. नियमानुसार इसके लिए आवेदन करते समय 150 रुपये भुगतान करना पड़ता है. इसके बाद कंप्यूटर की मदद से इस बड़े से प्लॉटर मशीन के जरिये प्रिंटेड जमीन का नक्शा दिया जाता है. जानकारी के मुताबिक इस मशीन का एक कार्टिज की कीमत 10 हजार रूपये है. वहीं इसका पेपर छह रूपये का आता है.

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By Prabhat Khabar Digital Desk

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