लखीसराय जिले के आठ परीक्षा केंद्रों पर रविवार को आयोजित मद्य-निषेध दरोगा भर्ती परीक्षा को लेकर पुलिस प्रशासन पूरी तरह मुस्तैद नजर आया. परीक्षा को शांतिपूर्ण एवं कदाचारमुक्त माहौल में संपन्न कराने तथा अपराध नियंत्रण के उद्देश्य से पुलिस ने शनिवार और रविवार की दरम्यानी रात जिलेभर में एक विशेष 'रोको-टोको अभियान' चलाया.
पहचान पत्रों की जांच और होटलों में छापेमारी
परीक्षा की संवेदनशीलता को देखते हुए पुलिस ने जिले के सभी मुख्य प्रवेश द्वारों और संवेदनशील चौराहों पर नाकेबंदी कर रखी थी:
- सघन पूछताछ: पुलिस ने देर रात आने-जाने वाले लोगों को रोककर उनसे पूछताछ की और उनके पहचान पत्रों (आईडी प्रूफ) की बारीकी से जांच की.
- संदिग्धों पर नजर: परीक्षा केंद्रों के आसपास और शहरी इलाकों में स्थित होटलों व लॉज के कमरों को खंगाला गया ताकि किसी भी बाहरी संदिग्ध तत्व को पनाह न मिल सके.
विधि-व्यवस्था बनाए रखने के लिए आगे भी जारी रहेगा अभियान
पुलिस प्रशासन का कहना है कि इस राज्य स्तरीय भर्ती परीक्षा को पूरी शुचिता और जीरो-टॉलरेंस नीति के साथ संपन्न कराने के लिए सुरक्षा के यह कड़े कदम उठाए गए हैं. परीक्षा के दौरान विधि-व्यवस्था बनाए रखने, असामाजिक तत्वों पर अंकुश लगाने और किसी भी प्रकार की परीक्षा संबंधी अनियमितता को नाकाम करने के लिए पुलिस का यह चेकिंग और 'रोको-टोको अभियान' आगे भी निरंतर जारी रहेगा.
