पोषण भी-पढ़ाई भी को लेकर सेविकाओं को दिया जा रहा है प्रशिक्षण

सीडीपीओ रीना कुमारी की अध्यक्षता पोषण भी पढ़ाई भी कार्यक्रम के तहत सेविकाओं का चौथे बैच का तीन दिवसीय प्रशिक्षण कार्यक्रम शुरू हुआ.

आइसीडीएस कार्यालय सूर्यगढ़ा में चार बैच में सेविकाओं को दिया जा रहा तीन दिवसीय प्रशिक्षण

सूर्यगढ़ा. प्रखंड सह अंचल कार्यालय परिसर स्थित आइसीडीएस कार्यालय में बुधवार को सीडीपीओ रीना कुमारी की अध्यक्षता पोषण भी पढ़ाई भी कार्यक्रम के तहत सेविकाओं का चौथे बैच का तीन दिवसीय प्रशिक्षण कार्यक्रम शुरू हुआ. सीडीपीओ ने बताया कि सूर्यगढ़ा में चार बैच में सेविकाओं को इसे लेकर प्रशिक्षण दिया जा रहा है. बुधवार को चौथे और अंतिम बैच का तीन दिवसीय प्रशिक्षण कार्यक्रम की शुरुआत हुई. सीडीपीओ ने कहा कि पोषण भी पढ़ाई भी सक्षम आंगनबाड़ी और मिशन पोषण 2.0 के तहत एक कार्यक्रम है. नयी शिक्षा नीति 2020 के तहत गर्भावस्था से तीन वर्ष तक के बच्चों के लिए नव चेतना एवं तीन वर्ष से छह वर्ष तक के बच्चों के लिए आधारशिला पाठ्यक्रम तैयार किया गया है. इसी पाठ्यक्रम का अनुसरण कर सेविकाओं द्वारा अपने पोषक क्षेत्र के शून्य माह से छह वर्ष तक के बच्चों का सर्वांगीण विकास करना है. मौके पर सीडीपीओ एवं महिला सुपरवाइजर के द्वारा सभी सेविका को पोषण भी पढ़ाई भी के बारे में विस्तारपूर्वक जानकारी दिया गया. प्रशिक्षण में बताया गया कि नयी शिक्षा नीति 2020 के तहत पोषण भी पढ़ाई भी महत्वपूर्ण है. इसके तहत सक्षम आंगनबाड़ी और मिशन पोषण के तहत महिला और बाल विकास मंत्रालय भारत सरकार के द्वारा राष्ट्रीय शिक्षा नीति 2020 के तहत विकास के प्रमुख क्षेत्र में कौशल निर्माण के लिए छह साल से कम उम्र के सभी बच्चों को समग्र विकास, शारीरिक, संज्ञानात्मक, सामाजिक भावनात्मक, नैतिक संस्कृत कलात्मक और प्रारंभिक भाषा साक्षरता का विकास सुनिश्चित करने के उद्देश्य के पोषण भी पढ़ाई भी कार्यक्रम की शुरुआत की गयी है. सीडीपीओ ने कहा कि इस कार्यक्रम को शत प्रतिशत सफल बनाने के लिए जनता की भी भूमिका अहम है. सभी मिलकर इस कार्यक्रम को पूर्ण रूप से सफल बनायेंगे. इस कार्यक्रम के अंतर्गत पोषण पर ध्यान देने के साथ-साथ आंगनबाड़ी केंद्रों में शिक्षा की गुणवत्ता में सुधार के उद्देश्य से आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं की क्षमता निर्माण की परिकल्पना की गयी है. आंगनबाड़ी को उच्च गुणवत्ता वाले बुनियादी ढांचे खेल आधारित गतिविधियों का संचालन के लिए अच्छी तरह से प्रशिक्षित आंगनबाड़ी कार्यकर्ता के साथ-साथ आंगनबाड़ी केंद्र में बदलने की दिशा में पहले कदम के रूप में यह अभियान चलाया गया है. आंगनबाड़ी केंद्र पर आने वाले बच्चों को कौशल के साथ-साथ गुणवत्तापूर्ण शिक्षा देना सुनिश्चित करेंगे. ताकि समावेशी स्कूल पूर्व शिक्षा मजबूत बच्चों में हो सके एवं बच्चा उत्सुकता तरीके से शिक्षा ग्रहण करें.

डिस्क्लेमर: यह प्रभात खबर समाचार पत्र की ऑटोमेटेड न्यूज फीड है. इसे प्रभात खबर डॉट कॉम की टीम ने संपादित नहीं किया है

प्रभात खबर डिजिटल प्रीमियम स्टोरी

लेखक के बारे में

By Rajeev Murarai Sinha Sinha

Rajeev Murarai Sinha Sinha is a contributor at Prabhat Khabar.

संबंधित खबरें >

यह भी पढ़ें >