चानन (लखीसराय) से रंजन पासवान की रिपोर्ट:
Lakhisarai Gopal Shukla Death: जिले के प्रसिद्ध एवं प्राचीन मां जलपा मंदिर के मुख्य पुजारी गोपाल शुक्ला का शुक्रवार की अहले सुबह निधन हो गया. उनके निधन की खबर मिलते ही क्षेत्र में शोक की लहर दौड़ गई. मंदिर से जुड़े श्रद्धालुओं, स्थानीय लोगों और सामाजिक संगठनों ने गहरा दुख व्यक्त किया है.
लंबे समय से चल रहे थे बीमार
परिजनों ने बताया कि गोपाल शुक्ला का निधन शुक्रवार तड़के उनके पैतृक आवास पर हुआ. वे लंबे समय से अस्वस्थ थे और पटना में उनका इलाज चल रहा था. स्वास्थ्य में सुधार नहीं होने के कारण उनका निधन हो गया.
50 वर्षों तक निभाई मुख्य पुजारी की जिम्मेदारी
गोपाल शुक्ला पिछले करीब 50 वर्षों से मां जलपा स्थान मंदिर में मुख्य पुजारी के रूप में सेवा दे रहे थे. परिजनों के अनुसार उनसे पहले उनके पिता और दादा भी इसी मंदिर में पूजा-पाठ का दायित्व निभाते थे. पारिवारिक परंपरा को आगे बढ़ाते हुए गोपाल शुक्ला ने मंदिर की जिम्मेदारी संभाली और जीवनभर श्रद्धालुओं की सेवा की.
रामसीर गांव के निवासी थे
गोपाल शुक्ला चानन प्रखंड के लाखोचक पंचायत अंतर्गत रामसीर गांव के निवासी थे. वे अपने पीछे तीन पुत्र और तीन पुत्रियों सहित भरा-पूरा परिवार छोड़ गए हैं.
पुत्र संभाल रहे थे मंदिर की जिम्मेदारी
पिछले कुछ समय से स्वास्थ्य खराब रहने के कारण मंदिर में नियमित पूजा-पाठ एवं अन्य धार्मिक कार्यों की जिम्मेदारी उनके पुत्र राकेश शुक्ला और रोशन शुक्ला संभाल रहे थे.
सिमरिया घाट पर होगा अंतिम संस्कार
परिजनों ने बताया कि गोपाल शुक्ला का अंतिम संस्कार सिमरिया घाट पर किया जाएगा. उनके निधन पर क्षेत्र के सामाजिक कार्यकर्ताओं, धार्मिक संगठनों और विभिन्न राजनीतिक दलों के प्रतिनिधियों ने शोक व्यक्त किया है.
लोगों का कहना है कि मां जलपा मंदिर और क्षेत्र के धार्मिक जीवन में गोपाल शुक्ला का योगदान हमेशा याद रखा जाएगा. उनका निधन धार्मिक जगत के लिए अपूरणीय क्षति है.
