मध्यस्थता जागरूकता शिविर का आयोजन फोटो : 9(शिविर में भाग लेते जिला एवं सत्र न्यायाधीश सजल मंदिलवार व अन्य) जमुई . जिला विधिक सेवा प्राधिकार की ओर से व्यवहार न्यायालय परिसर स्थित न्याय सदन में जिला एवं सत्र न्यायाधीश सजल मंदिलवार की अध्यक्षता में मध्यस्थता जागरूकता शिविर का आयोजन किया गया. मौके पर उपस्थित लोगों को संबोधित करते हुए जिला एवं सत्र न्यायाधीश श्री मंदिलवार ने कहा कि मध्यस्थता विवादों के निष्पादन की सरल एवं आधुनिक ढांचागत प्रक्रिया है. मध्यस्थता के द्वारा सुलहनीय विवादों का सुगमता पूर्वक निपटारा किया जा सकता है. इससे समय और पैसे की बचत होती तथा न्यायालय पर मुकदमों का बोझ कम होता है. एसीजेएम सह प्राधिकार के सचिव राजकुमार चौधरी ने अपने संबोधन में कहा कि इसके तहत दोनों पक्षों की सहमति को महत्व दिया जाता है. मध्यस्थता के तहत मध्यस्थ सुलहनीय वादों का बेहतर तरीके से निपटारा करते है. उन्होंने लोगों से अपील करते हुए कहा कि सभी सुलहनीय वादों का निपटारा मध्यस्थता के तहत कराये. इस अवसर पर परिवार न्यायालय के प्रधान न्यायाधीश शिव गोपाल मिश्रा, अपर जिला एवं सत्र न्यायाधीश बीएन तिवारी, विक्रम सिंह, राजेश कुमार, किशोर प्रसाद, सीजेएम एसबीएन त्रिपाठी, एसडीजेएम ललन कुमार, मुंसिफ देवराज, प्रथम श्रेणी न्यायिक दंडाधिकारी अमरेंद्र कुमार, संजय कुमार के अलावे प्राधिकार कर्मी मुकेश रंजन, विनय कुमार, संजीव पांडेय, मनोज कुमार, उत्तम कुमार सिंह, प्रेम प्रकाश, सुबोध मेहतर आदि मौजूद थे.
मध्यस्थता जागरूकता शिविर का आयोजन
मध्यस्थता जागरूकता शिविर का आयोजन फोटो : 9(शिविर में भाग लेते जिला एवं सत्र न्यायाधीश सजल मंदिलवार व अन्य) जमुई . जिला विधिक सेवा प्राधिकार की ओर से व्यवहार न्यायालय परिसर स्थित न्याय सदन में जिला एवं सत्र न्यायाधीश सजल मंदिलवार की अध्यक्षता में मध्यस्थता जागरूकता शिविर का आयोजन किया गया. मौके पर उपस्थित लोगों […]
