लखीसराय : जिले में तीन अगस्त को नये पुलिस कप्तान अरविंद ठाकुर के पद संभालने के लगभग डेढ़ महीने के अंदर अपराधियों ने चार थाना क्षेत्रों में कुल 10 लोगों को मौत के घाट उतार पुलिस को लगातार चुनौती देने का काम किया है, हालांकि आधे हत्याकांडों का पुलिस द्वारा उद्भेन भी किया जा चुका है और कई लोगों की या गिरफ्तारी हुई है या फिर उन्होंने सरेंडर किया है़ लेकिन विगत डेढ़ महीने से लगातार हो रहे हत्याकांड से आम आदमियों में एक डर का माहौल पैदा होने लगा है़
एसपी अरविंद ठाकुर के पदभार ग्रहण करते हुए कजरा थाना क्षेत्र के रामतलीगंज पहाड़ की तराई से गढ़ीविशनपुर निवासी गौतम कुमार सिन्हा का शव बरामद किया गया़ उसके एक दिन बाद ही चार अगस्त को कजरा थाना क्षेत्र के ही पोखरामा गांव में अपराधियों ने अपने बढ़ते मनोबल का परिचय देते हुए एक ही परिवार के तीन लोगों रामशेखर सिंह, उनके पुत्र झालो सिंह एवं भतीजा रिपु सिंह की गोली मारकर हत्या कर दी थी़ वहीं उसी दिन रात में टाउन थाना क्षेत्र के लोदिया गांव में एक 16 वर्षीय किशोर की ईंट पत्थर से कुचलकर हत्या कर दी गई थी जिसका शव दूसरे दिन छह अगस्त की सुबह को गांव के पास ही बगीचे से बरामद किया गया था़
पुन: 13 अगस्त को कजरा थाना क्षेत्र के उरैन गांव में किराना व्यवसायी संजय साव की अपराधियों ने गोली मारकर हत्या कर दी थी़ कजरा थाना क्षेत्र के ही रामतलीगंज व शिवडीह गांव के बीच 31 अगस्त की रात को ऑटो चालक को गोलियों से छलनी कर दिया था़ तीन सितबंर को बड़हिया थाना क्षेत्र में टाउन थाना क्षेत्र के गोविंदबीघा गांव निवासी अनिल मंडल एवं लाल तांती की हत्या करने के बाद अपराधियों ने दोनों के शव को रेलवे लाइन पर फेंक दिया था़ जिसे विभित्स स्थिति में बरामद किया गया था़ वहीं एक बार फिर अपराधियों ने पीरीबाजार थाना क्षेत्र के लक्ष्मीपुर गांव में एक युवक को गोली मारकर हत्या कर अपने बढ़ते मनोबल का परिचय दिया है़ हालांकि इसमें से आधे हत्याकांड के अभियुक्तों को पुलिस ने या तो पकड़ कर जेल भेज दिया है या फिर अपराधियों ने स्वयं कोर्ट में सरेंडर कर दिया़ लेकिन अभी भी कजरा थाना क्षेत्र के सन्नी हत्याकांड, टाउन थाना क्षेत्र के धीरज हत्याकांड व बड़हिया थाना क्षेत्र के दोहरे हत्याकांड के अभियुक्तों तक पुलिस नहीं पहुंच सकी है.
