बाढ़ राहत व बचाव का कार्य के लिए जवानों ने किया मॉकड्रिल

बाढ़ राहत व बचाव का कार्य के लिए जवानों ने किया मॉकड्रिल

गलगलिया. भारत-नेपाल सीमा पर तैनात एसएसबी 41वीं वाहिनी रानीडंगा की बी कंपनी, भातगांव के द्वारा बाढ़ राहत व बचाव के लिए मॉक ड्रिल का आयोजन किया गया. इस अभ्यास में सभी बीओपी कमांडर्स और जवानों ने भाग लिया. मॉकड्रिल का उद्देश्य बाढ़ जैसी प्राकृतिक आपदाओं से निपटने की तैयारी व समन्वय का परीक्षण करना था. बाढ़ की स्थिति में क्या करें, क्या न करें. कार्य की प्राथमिकता निर्धारण व संचार योजना. लाइफ जैकेट्स की जानकारी व उपयोग विधि, कमांडर और जवानों की जिम्मेदारियों का विभाजन, संभावित सुरक्षित ज़ोन (एबीसी) की पहचान आपातकालीन स्थिति में मूवमेंट प्लान सुरक्षित क्षेत्रों की चारों ओर से सुरक्षा व्यवस्था, बाढ़ समाप्ति के बाद बीओपी पर वापसी के दौरान क्या करें और क्या न करें. इस अभ्यास के माध्यम से बल के जवानों ने अपनी आपदा प्रबंधन क्षमता, सजगता और समन्वय का प्रदर्शन किया. यह पहल एसएसबी की सीमा क्षेत्रों और आस-पास के नागरिकों की सुरक्षा और आपदा से निपटने की तत्परता को प्रदर्शित करती है.

डिस्क्लेमर: यह प्रभात खबर समाचार पत्र की ऑटोमेटेड न्यूज फीड है. इसे प्रभात खबर डॉट कॉम की टीम ने संपादित नहीं किया है

प्रभात खबर डिजिटल प्रीमियम स्टोरी

लेखक के बारे में

Published by: Awadhesh kumar

अवधेश कुमार विगत 25 वर्षों से पत्रकारिता से जुड़े हुए हैं. इन्होंने बतौर पत्रकार अपने कैरियर की शुरूआत वर्ष 2001 से की. उसके बाद विगत 15 वर्षो से प्रभात खबर, किशनगंज के कार्यालय प्रभारी के रूप में कार्यरत हैं. इनकी रूचि राजनीतिक, सामाजिक व अपराध से जुड़ी खबरों में है.

और पढ़ें

संबंधित खबरें >

यह भी पढ़ें >