School Controversy: ठाकुरगंज थाना क्षेत्र के डांगीबाड़ी स्थित एचआरडीएफ पब्लिक स्कूल के हॉस्टल में रहने वाले 11 वर्षीय छात्र से कथित मारपीट का मामला सामने आया है. छात्र के पिता ताहिर हुसैन ने ठाकुरगंज थाना में आवेदन देकर शिक्षक मो. अब्दुल्लाह के विरुद्ध कानूनी कार्रवाई की मांग की है. पुलिस ने आवेदन प्राप्त होने की पुष्टि करते हुए मामले की जांच शुरू कर दी है.
छात्र के पिता ने लगाया मारपीट का आरोप
थाना में दिए गए आवेदन के अनुसार, 10 जुलाई की रात पढ़ाई समाप्त होने के बाद छात्र खाना खाने जा रहा था. आरोप है कि इसी दौरान शिक्षक मो. अब्दुल्लाह ने गाली-गलौज करते हुए छात्र के साथ मारपीट की और उसे भोजन भी नहीं करने दिया. छात्र के पिता का कहना है कि 12 जुलाई को स्कूल पहुंचने पर उन्होंने बेटे के शरीर पर चोट के निशान देखे. इसके बाद उसका इलाज कराया गया और पुलिस में शिकायत दर्ज कराई गई.
प्रधानाचार्य ने मारपीट से किया इनकार
School Controversy: दूसरी ओर, स्कूल के प्रधानाचार्य फिरोज आलम ने छात्र के साथ मारपीट की घटना से इनकार किया है. हालांकि उन्होंने यह स्वीकार किया कि छात्र का इलाज स्कूल प्रबंधन की ओर से कराया गया था.
निलंबन आदेश से उठे कई सवाल
मामले में नया मोड़ तब आया जब स्कूल प्रबंधन द्वारा 11 जुलाई 2026 को जारी निलंबन आदेश सामने आया. आदेश में हॉस्टल वार्डन मो. अब्दुल्लाह को छात्र के साथ कथित शारीरिक मारपीट के आरोप में आंतरिक अनुशासनात्मक जांच लंबित रहने तक तत्काल प्रभाव से निलंबित किए जाने का उल्लेख है.
ऐसे में यह सवाल उठ रहा है कि यदि स्कूल प्रबंधन मारपीट की घटना से इनकार कर रहा है, तो निलंबन आदेश में ऐसे आरोप का उल्लेख क्यों किया गया. साथ ही छात्र का इलाज स्कूल प्रबंधन की ओर से कराए जाने को लेकर भी विभिन्न सवाल उठ रहे हैं. इन सभी बिंदुओं की पुष्टि जांच पूरी होने के बाद ही हो सकेगी.
पहले भी विवादों में रहा है स्कूल
स्थानीय लोगों के अनुसार, हाल के वर्षों में भी एचआरडीएफ पब्लिक स्कूल के संचालन और प्रशासनिक व्यवस्था को लेकर विभिन्न आरोप सामने आते रहे हैं. हालांकि उन मामलों में क्या कार्रवाई हुई, यह जांच का विषय है. मौजूदा घटना के बाद एक बार फिर स्कूल प्रबंधन की कार्यप्रणाली चर्चा में है.
पुलिस ने कहा- जांच के बाद होगी कार्रवाई
एसडीपीओ-2 मनोज कुमार ने बताया कि आवेदन प्राप्त हो गया है. मामले की जांच की जा रही है. जांच में जो भी तथ्य सामने आएंगे, उसके आधार पर आगे की कानूनी कार्रवाई की जाएगी. फिलहाल प्राथमिकी दर्ज करने की प्रक्रिया जारी है.
