किशनगंज किशनगंज अंचल के प्रांगण में रविवार को आयोजित एक महत्वपूर्ण बैठक में कर्मचारियों की विभिन्न लंबित मांगों को लेकर विस्तार से चर्चा की गई. बैठक में कर्मचारियों ने अपनी समस्याओं पर विभागीय उदासीनता को लेकर नाराजगी व्यक्त की और सर्वसम्मति से यह निर्णय लिया कि यदि शीघ्र समाधान नहीं हुआ तो चरणबद्ध आंदोलन किया जाएगा. बैठक में तय कार्यक्रम के अनुसार 02 फरवरी को राज्य संघ के संयुक्त मोर्चा एवं पटना जिला संघ की कार्यकारिणी संबंधित विभाग में जाकर अधिकारियों से मुलाकात करेगी तथा अपनी मांगों और समस्याओं से संबंधित ज्ञापन सौंपेगी. मुख्य सचिव की अनुपस्थिति में अन्य प्रभारी पदाधिकारी से मिलकर अपनी बात रखने का प्रयास किया जाएगा. आंदोलन के अगले चरण में 03 फरवरी को सभी जिला इकाई संघ अपने-अपने जिलों में काला बिल्ला लगाकर कार्य करेंगे. इसी दिन 05 फरवरी को प्रस्तावित एक दिवसीय धरना कार्यक्रम के लिए प्रशासन से अनुमति प्राप्त की जाएगी. 04 फरवरी को अवकाश रहने के बावजूद कर्मचारी काला बिल्ला लगाकर कार्य करते हुए अपनी एकजुटता और विरोध दर्ज कराएंगे. बैठक में यह भी निर्णय लिया गया कि यदि विभाग की ओर से कोई उत्तर या पत्राचार प्राप्त नहीं होता है, तो 09 फरवरी को पटना में अनुमति प्राप्त कर एक दिवसीय धरना आयोजित किया जाएगा. इस कार्यक्रम की अनुमति एवं समन्वय की जिम्मेदारी पटना कार्यकारिणी को राज्य संघ के सहयोग से सौंपी गई है. संघ के पदाधिकारियों ने स्पष्ट शब्दों में कहा कि यदि 10 फरवरी तक विभाग द्वारा कर्मचारियों की मांगों पर कोई ठोस एवं सकारात्मक निर्णय नहीं लिया जाता है, तो कर्मचारियों को विवश होकर अनिश्चितकालीन हड़ताल पर जाना पड़ेगा, जिसकी पूर्ण जिम्मेदारी विभागीय प्रशासन की होगी. बैठक में संघ के वरिष्ठ पदाधिकारी एवं बड़ी संख्या में कर्मचारी उपस्थित थे, जिनमें प्रमुख रूप से राहुल रंजन, आशुतोष कुमार, सचिन कुमार, सचिन ठाकुर, संजीत कुमार (जिला सचिव), संतोष कुमार, पवन कुमार, हंसराज साहनी, मिथिलेश झा (जिला अध्यक्ष), जैकी प्रसाद मंडल इत्यादि शामिल थे. सभी ने एकजुट होकर आंदोलन को सफल बनाने का संकल्प लिया.
अपनी मांगों को लेकर कर्मचारियों में आक्रोश, 10 फरवरी से हड़ताल की चेतावनी
आंदोलन के अगले चरण में 03 फरवरी को सभी जिला इकाई संघ अपने-अपने जिलों में काला बिल्ला लगाकर कार्य करेंगे.
